चीनी का निर्यात खोलने से पूर्व एथनॉल की जरूरत पर सरकार का ध्यान

23-Dec-2024 06:49 PM

नई दिल्ली । केन्द्र सरकार ने स्पष्ट किया है कि चीनी के व्यापारिक निर्यात की अनुमति देने से पूर्व एथनॉल की जरूरतों को पूरा करने पर ध्यान दिया जाएगा। सरकार का कहना है कि 2024-25 के वर्तमान मार्केटिंग सीजन (अक्टूबर-सितम्बर) के दौरान देश में करीब 320 लाख टन चीनी का उत्पादन हो सकता है

जिसमें से 290 लाख टन का घरेलू सामान्य उपयोग तथा 40 लाख टन का एथनॉल निर्माण में इस्तेमाल होने की उम्मीद है। इस तरह कुछ खपत 330 लाख टन पर पहुंचने की संभावना है जो कुल अनुमानित उत्पादन से भी 10 लाख टन ज्यादा है। 

लेकिन उद्योग के पास चालू सीजन के आरंभ में 79 लाख टन चीनी का बकाया स्टॉक मौजूद था। इसमें से 10 लाख टन का प्रयोग अगर घरेलू मांग को पूरा करने में करना पड़ा तो उसके पास 69 लाख टन का स्टॉक बचेगा जबकि मौजूदा सीजन के अंत में 57-59 लाख टन चीनी का स्टॉक बरकरार रखने की आवश्यकता पड़ेगी

ताकि अगले ढाई-तीन माह की घरेलू जरूरतों को पूरा करने में कठिनाई न हो। इस तरह सीजन के अंत में उद्योग के पास आवश्यकता से 10-12 लाख टन अधिक चीनी का स्टॉक मौजूद रहेगा जिसके निर्यात की अनुमति देने पर विचार किया जा सकता है और उद्योग इसकी जोरदार मांग भी कर रहा है।

लेकिन सरकार किसी जल्दबाजी में नहीं है और वह आगामी महीनों में सम्पूर्ण स्थिति का गहन आंकलन-विश्लेषण करने के बाद ही इस सम्बन्ध में कोई निर्णय लेना चाहेगी। यह देखना आवश्यक होगा कि चीनी का उत्पादन 320 लाख टन के अनुमानित स्तर तक पहुंचता है या नहीं।