बिहार के एथनॉल निर्माताओं की समस्याओं से पेट्रोलियम सचिव को अवगत करवाया
25-Dec-2025 01:04 PM
नई दिल्ली। बिहार के एथनॉल उद्योग के एक उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल ने हाल ही में केन्द्रीय पेट्रोलियम सचिव से मुलाकात करके उन्हें अपनी समस्याओं से अवगत करवाया।
प्रतिनिधिमंडल ने 2025-26 के मौजूदा मार्केटिंग सीजन (नवम्बर-अक्टूबर) के दौरान बिहार के डिस्टीलर्स को एथनॉल की आपूर्ति का कम कोटा आवंटित किए जाने पर गहरी चिंता व्यक्त करते हुए पेट्रोलियम सचिव से इस मामले में हस्तक्षेप करने का आग्रह किया।
प्रतिनिधिमंडल का कहना था कि बिहार में गन्ना, मक्का एवं चावल का भरपूर उत्पादन होता है और उद्यमियों द्वारा एथनॉल उद्योग में विशाल पूंजी का निवेश भी किया गया है।
इससे राज्य में कई नए एथनॉल प्लांट स्थापित हुए हैं और पुरानी इकाइयों का विकास-विस्तार किया गया है। इन इकाइयों को एथनॉल निर्माण के लिए अच्छी मात्रा में कच्चा माल प्राप्त हो रहा है और इससे उसे अपनी उत्पादन क्षमता के बेहतर उपयोग का अवसर भी मिल रहा है।
लेकिन एथनॉल आवंटन का सीमित कोटा नियत होने से डिस्टीलर्स को उत्पादन बढ़ाने का प्रोत्साहन नहीं मिलेगा और क्षमता के बड़े भाग का उपयोग नहीं हो सकेगा।
बिहार के डिस्टीलर्स नेशनल एथनॉल ब्लेंडेड पेट्रोल (ईबीपी) प्रोग्राम में दीर्घ काल तक सहयोग देना चाहते हैं लेकिन इसके लिए वह आवश्यक है कि उसे उत्पादक का ऊंचा स्तर बरकरार रखने का प्रोत्साहन मिले। एथनॉल का मौजूदा आवंटन स्तर उसके अनुकूल नहीं है और इसे बढ़ाने का निर्णय लिया जाना चाहिए।
बिहार एक प्रमुख एथनॉल, उत्पादन हब के रूप में उभरा है और इसे सरकार से बेहतर सहयोग-समर्थन मिलने की उम्मीद है। उद्योग को भरोसा है कि पेट्रोलियम मंत्रालय उसकी मांग पर गम्भीरपूर्वक विचार करेगा और एथनॉल की आपूर्ति का कोटा बढ़ाने के लिए पेट्रोलियम कंपनियों को आवश्यक निर्देश देगा।
