चालू माह के शुरुआती 10 दिनों में मलेशिया से 5.24 लाख टन पाम तेल का निर्यात
10-Oct-2025 05:12 PM
पेटालिंग जया। हालांकि चालू माह के दौरान मलेशिया से भारत को पाम तेल के निर्यात में भारी गिरावट देखी जा रही है लेकिन दूसरी ओर चीन में इसका शिपमेंट तेजी से बढ़ रहा है। इसके अलावा यूरोपीय संघ को भी निर्यात में थोड़ी वृद्धि हुई है।
एक अग्रणी प्राइवेट कार्गो सर्वेयर फर्म- इंटरटेक टेस्टिंग सर्विसेज (आईटीएस) की रिपोर्ट के अनुसार 1-10 सितम्बर की तुलना में 1-10 अक्टूबर 2025 के दौरान मलेशिया से भारत को पाम तेल (क्रूड एवं रिफाइंड) का निर्यात 68,825 टन से घटकर 15,500 टन रह गया
जबकि यूरोपीय संघ को होने वाला निर्यात 1,05,690 टन से सुधरकर 1,09,152 टन तथा चीन को निर्यात 8 हजार टन से उछलकर 70,660 टन पर पहुंच गया।
दरअसल भारत में चालू माह के अंत तक त्यौहारी सीजन समाप्त हो जाएगा और अगस्त-सितम्बर में खाद्य तेलों का विशाल आयात होने से स्टॉक की स्थिति अच्छी है। खरीफ कालीन तिलहन फसलों की आवक भी शुरू हो गई है
और अर्जेन्टीना से भारी मात्रा में सोया तेल का आयात किया जा रहा है इसलिए पाम तेल के आयात में भारतीय आयातक कम दिलचस्पी दिखा रहे हैं।
आईटीएस की रिपोर्ट के मुताबिक 1 से 10 सितम्बर की तुलना में अक्टूबर के शुरुआती 10 दिनों के दौरान मलेशिया से पाम तेल उत्पादों का कुल निर्यात 4,76,610 टन से बढ़कर 5,23,602 टन पर पहुंच गया।
इसके तहत यद्यपि क्रूड पाम तेल (सीपीओ) का निर्यात 56,325 टन से घटकर 30,975 टन तथा आरबीडी पाम तेल का शिपमेंट 47,760 टन से गिरकर 34,880 टन पर अटक गया लेकिन आरबीडी पामोलीन का निर्यात 1,10,940 टन से बढ़कर 1,61,930 टन,
आरबीडी पाम स्टेरिन का शिपमेंट 42,405 टन से बढ़कर 55,240 टन, क्रूड पाम कर्नेल तेल का निर्यात 9550 टन से सुधरकर 10,000 टन तथा पाम फैट्टी एसिड डिस्टीलेट का शिपमेंट 5450 टन से उछलकर 27,250 टन पर पहुंच गया। अगस्त की तुलना में सितम्बर के दौरान पाम तेल के निर्यात में बढ़ोत्तरी हुई थी।
