जनवरी में मलेशियाई पाम तेल के दाम में सीमित उतार-चढ़ाव की संभावना
24-Dec-2025 09:31 PM
सिंगापुर। उद्योग-व्यापार क्षेत्र के समीक्षकों का मानना है कि जनवरी 2026 के दौरान मलेशियाई पाम तेल की मांग एवं आपूर्ति के बीच बेहतर संतुलन बना रह सकता है जिससे इसकी कीमतों में सीमित उतार-चढ़ाव के साथ काफी हद तक स्थिरता का माहौल रहने की संभावना है।
मलेशिया में क्रूड पाम तेल (सीपीओ) पर निर्यात शुल्क को दिसम्बर के 10 प्रतिशत से घटाकर जनवरी के लिए 9.5 प्रतिशत निर्धारित किया गया है।
सरकारी संस्था मलेशिया पाम ऑयल बोर्ड (एम्पोब) के अनुसार क्रूड पाम तेल का वायदा भाव 3800/4100 रिंगिट प्रति टन के बीच रहने की संभावना है। इससे पूर्व मलेशियन पाम ऑयल कौंसिल (एम्पोक) ने भी कुछ इसी तरह का अनुमान व्यक्त किया था।
बोर्ड के मुताबिक नए वर्ष की पहली तिमाही के दौरान मलेशिया में पाम तेल का उत्पादन कम होने के परम्परा रही है जबकि चीन-वियतनाम में लुनार नव वर्ष तथा मुस्लिम देशों में रमजान पर्व की मांग निकलने की उम्मीद है।
इससे कीमतों को कुछ समर्थन मिल सकता है। मांग बढ़ने पर मलेशिया में पाम तेल का बकाया स्टॉक घट सकता है जिससे उद्योग पर दबाव कम हो जाएगा।
लेकिन ऊर्जा स्रोतों और खासकर पेट्रोलियम के वैश्विक बाजार मूल्य में आई नरमी तथा अंतर्राष्ट्रीय बाजार में तिलहन तेल की विशाल उपलब्धता को देखते हुए पाम तेल की कीमतों में जोरदार तेजी आना मुश्किल लगता है। यदि मलेशिया में पाम तेल का बेंचमार्क वायदा मूल्य ज्यादा ऊंचा हुआ तो आयातकों का रुझान सोयाबीन तेल की तरफ बढ़ जाएगा।
पाम तेल की कीमतों में ज्यादा समय तक तेजी-मजबूती का माहौल बरकरार रहने में संदेह है क्योंकि इससे मांग प्रभावित हो सकती है। इंडोनेशिया में हुई जोरदार बारिश से आगामी महीनों में पाम बागानों की हालत हालत काफी सुधर सकती है।
बोर्ड ने वर्ष 2026 के दौरान मलेशिया में क्रूड पाम तेल का उत्पादन कुछ गिरकर 197 लाख टन पर सिमटने की संभावना व्यक्त की है जबकि मलेशिया से पाम तेल उत्पादों का कुल निर्यात सुधरकर 162 लाख टन पर पहुंचने का अनुमान लगाया है।
