खरीफ कालीन दलहन फसलों के उत्पादन में 3.20 लाख टन की गिरावट का अनुमान
26-Nov-2025 06:14 PM
नई दिल्ली । कुल बिजाई क्षेत्र गत वर्ष से कुछ अधिक रहने के बावजूद केन्द्रीय कृषि मंत्रालय ने 2025-26 के मौजूदा खरीफ सीजन के दौरान दलहन फसलों का उत्पादन घटकर 74.13 लाख टन पर अटक जाने की संभावना व्यक्त की है जो 2024-25 के खरीफ उत्पादन 77.33 लाख टन से 3.20 लाख टन कम है।
कृषि मंत्रालय के प्रथम अग्रिम अनुमान के अनुसार 2024-25 की तुलना में 2025-26 के खरीफ सीजन के दौरान अरहर (तुवर) का उत्पादन 36.24 लाख टन से 27 हजार टन फिसलकर 35.97 लाख टन, उड़द का उत्पादन 1341 लाख टन से 1.36 लाख टन घटकर 12.05 लाख टन तथा मूंग का उत्पादन 17.74 लाख टन से 54 हजार टन गिरकर 17.20 लाख टन पर सिमट जाने की संभावना है।
दिलचस्प तथ्य यह है कि समीक्षाधीन अवधि के दौरान उड़द के बिजाई क्षेत्र में अच्छी बढ़ोत्तरी हुई थी और तुवर का बिजाई क्षेत्र भी कुछ बढ़ाया था जबकि मूंग का रकबा लगभग बराबर रहा था लेकिन फिर भी इन प्रमुख दलहनों के उत्पादन में गिरावट आने की आशंका व्यक्त की गई है।
इसका प्रमुख कारण महत्वपूर्ण उत्पादक इलाकों में दक्षिण-पश्चिम मानसून की अधिशेष बारिश होना, कुछ क्षेत्रों में भयंकर बाढ़ आना तथा खेतों में लम्बे समय तक पानी का जमाव रहना बताया जा रहा है।
उद्योग- व्यापार क्षेत्र के संभवतः तुवर के इस सरकारी उत्पादन अनुमान पर संदेह हो सकता है क्योंकि इसकी फसल को प्राकृतिक आपदाओं से महाराष्ट्र एवं कर्नाटक जैसे शीर्ष उत्पादक प्रांतों में काफी नुकसान हुआ है।
इसके फलस्वरूप तुवर का उत्पादन घटकर 29-32 लाख टन के बिच सिमटने की संभावना व्यक्त की जा रही है। मूंग और उड़द की फसल को भी काफी क्षति हुई है। इन दोनों दलहनों के नए माल की आवक पहले ही शुरू हो चुकी है जबकि तुवर की आवक अगले महीने से आरंभ हो सकती है।
