मापको द्वारा भारत- पाकिस्तान को 6 हजार टन उड़द का निर्यात

27-Oct-2025 12:45 PM

रंगून। म्यांमार एग्रीबिजनेस पब्लिक कार्पोरेशन लि० (मापको) द्वारा सितम्बर 2025 के दूसरे सप्ताह के दौरान भारत एवं पाकिस्तान को करीब 6000 टन उड़द का शिपमेंट किया गया। 

इसके अलावा मापको द्वारा विभिन्न किस्मों एवं श्रेणियों के चावल तथा अन्य जिंसों का निर्यात भी कई देशों को किया गया। इसमें कस्टम चावल, सेला चावल एवं टुकड़ी चावल का शिपमेंट भी शामिल था।

कार्पोरेशन ने 2025 के मानसून सीजन में धान उत्पादकों को बीज एवं खाद भी उपलब्ध करवाया था। इस एजेंसी द्वारा म्यांमार में करीब 20 हजार एकड़ भूमि में ठेका खेती (कॉन्ट्रेक्ट फार्मिंग) भी की जाती है और इससे किसानों को अच्छी आमदनी प्राप्त होती है। अनुबंधित कृषि के प्रति किसानों का आकर्षण बढ़ता जा रहा है। 

2025-26 के मौजूदा वित्त वर्ष के दौरान म्यांमार से दलहनों का कुल निर्यात बढ़कर 18 लाख टन से ऊपर पहुंच जाने पर अनुमान लगाया जा रहा है जिससे उसे करीब 1.50 अरब डॉलर की आमदनी हो सकती है।

उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार 2024-25 के वित्त वर्ष के दौरान म्यांमार से लगभग 1.82 अरब डॉलर मूल्य के करीब 21.40 लाख टन दलहनों का निर्यात भारत सहित दुनिया के अन्य देशों को किया गया। म्यांमार  से तुवर एवं उड़द का सर्वाधिक निर्यात भारत को तथा मूंग का शिपमेंट चीन को किया जाता है। इस बार आयातक देशों की कमजोर मांग के कारण म्यांमार में दलहनों का भाव नरम पड़ गया है। 

18 जून 2021 को भारत और म्यांमार के बीच आपसी सहमति के एक समझौते पर हस्ताक्षर हुए थे जिसमें कहा गया था कि भारत वित्त वर्ष 2021-22 से लेकर 2025-26 तक प्रत्येक साल म्यांमार से 2.50 लाख टन उड़द एवं 1.00 लाख टन तुवर का आयात करेगा।

सरकारी स्तर पर हुए इस समझौते के अलावा भारत के प्राइवेट आयातक भी म्यांमार से दलहनों का निर्बाध एवं शुल्क मुक्त आयात करने के लिए स्वतंत्र हैं।