News Capsule/न्यूज कैप्सूल: वैश्विक मटर बाजार: भरपूर आपूर्ति से बन रहा दवाब और भारत पर असर
15-Jan-2026 01:59 PM
News Capsule/न्यूज कैप्सूल: वैश्विक मटर बाजार: भरपूर आपूर्ति से बन रहा दवाब और भारत पर असर
★ पिछले एक वर्ष में मटर के वैश्विक बाजार में बड़े बदलाव देखने को मिले। 2025 में मटर का उत्पादन बेहद मजबूत रहा। कनाडा में उत्पादन 39 लाख टन तक पहुंच गया, जो पिछले वर्ष से लगभग 31% अधिक है।
★ इससे कनाडा की कुल आपूर्ति पिछले साल की तुलना में करीब 12 लाख टन ज्यादा।
★ वैश्विक स्तर पर भी प्रमुख उत्पादक देशों में मटर का कुल उत्पादन बढ़कर 151 लाख टन आंका गया है, जबकि 2024 में यह 137 लाख टन था। कनाडा, रूस और यूरोपीय संघ का रहा सबसे बड़ा योगदान।
★ आपूर्ति की स्थिति भले ही मजबूत हो, लेकिन मांग का पक्ष अपेक्षाकृत कमजोर। कनाडा के लिए स्थिति चुनौतीपूर्ण।
★ एशियाई बाजारों में रूस और ब्लैक सी क्षेत्र के अन्य देशों से कड़ी प्रतिस्पर्धा बढ़ गई है।
★ चीन द्वारा लगाए गए व्यापारिक प्रतिबंधों और भारत की सीमित खरीद नीति के कारण कनाडा के मटर निर्यात पर दबाव बना हुआ है। इस वजह से कनाडा का कुल निर्यात इस वर्ष घटा है।
★ यदि चीन को होने वाला निर्यात पूरी तरह बहाल नहीं हुआ, तो कनाडा में मटर का अंत स्टॉक काफी ऊंचा रह सकता है। अनुमान है कि अंतिम स्टॉक 13–14 लाख टन के आसपास रहेगा, जिससे स्टॉक-टू-यूज अनुपात बहुत ऊंचा हो जाएगा।
★ खरीदार अगली फसल के लिए जल्दी सौदे करने से बचेंगे और बाजार में किसी भी मौसम संबंधी जोखिम का असर कीमतों पर सीमित रहेगा।
★ कीमतों की बात करें तो बीते कुछ महीनों से मटर के भाव दायरे में ही चल रहे हैं।
★ स्टॉक अधिक और निर्यात कम रहा तो आगामी बिजाई पर पड़ सकता है असर।
★ भारत में मटर का एरिया घटा, आयात भी पिछले साल से कमज़ोर।
★ भविष्य में कीमतें बढ़ने की उम्मीद।
