साप्ताहिक समीक्षा-चीनी

27-Dec-2025 07:16 PM

चीनी के टेंडर मूल्य में भारी गिरावट का सिलसिला जारी 

नई दिल्ली। गन्ना की क्रशिंग जोर-शोर से होने के कारण चीनी का उत्पादन तेजी से बढ़ रहा है जबकि कमजोर घरेलू मांग के कारण मिलर्स को ऊंचे दाम पर अपना उत्पादन बेचने में सफलता नहीं मिल रही है। मिलों पर गन्ना उत्पादकों का बकाया बढ़ता जा रहा है जिसके जल्दी से जल्दी भुगतान के लिए मिलर्स पर भारी दबाव पड़ रहा है। इसके फलस्वरूप इकाइयों को नीचे मूल्य पर अपना स्टॉक बेचने के लिए विवश होना पड़ रहा है जो फसल खर्च से भी कम है। 
टेंडर 
20 से 26 दिसम्बर वाले सप्ताह के दौरान महाराष्ट्र में चीनी का टेंडर मूल्य 90 रुपए तक घटकर 3610/3725 रुपए प्रति क्विंटल और कर्नाटक में 95 रुपए तक लुढ़ककर 3605/3700 रुपए प्रति क्विंटल पर आ गया जबकि वहां चीनी का उत्पादन खर्च 3900/4000 रुपए प्रति क्विंटल बैठ रहा है। इसे देखते हुए स्वदेशी उद्योग केन्द्र सरकार से चीनी के एक्स फैक्टरी न्यूनतम बिक्री मूल्य (एमएसपी) में जल्दी से जल्दी अपेक्षित बढ़ोत्तरी करने की जोरदार मांग कर रहा है। इस बार महाराष्ट्र एवं कर्नाटक में गन्ना की शानदार पैदावार देखी जा रही है और मिलों को इसकी भारी आपूर्ति भी हो रही है जिसकी क्रशिंग करना अनिवार्य है। 
चीनी कोटा  
इस बीच केन्द्रीय खाद्य मंत्रालय ने जनवरी 2026 के लिए 22 लाख टन चीनी का फ्री सेल कोटा निर्धारित कर दिया है दिया जो मांग एवं खपत को पूरा करने के लिए पर्याप्त साबित हो सकता है। उसके फलस्वरूप आगामी दिनों में भी चीनी के दाम में जोरदार इजाफा होना मुश्किल लगता है। 
निर्यात कोटा 
हालांकि सरकार ने 15 लाख टन चीनी का निर्यात कोटा पूरे मार्केटिंग सीजन के लिए आवंटित किया है मगर उत्पादन एवं स्टॉक की तुलना में इसे काफी छोटा माना जा रहा है।
मिल डिलीवरी भाव 
समीक्षाधीन सप्ताह के दौरान चीनी का मिल डिलीवरी भाव पूर्वी उत्तर प्रदेश में तो 75 रुपए प्रति क्विंटल बढ़ गया मगर मध्य प्रदेश में 70 रुपए, पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 75 रुपए तथा बिहार में 80 रुपए प्रति क्विंटल घट गया। गुजरात में भी दाम 25-35 रुपए नरम रहा। 
हाजिर भाव 
चीनी का हाजिर बाजार मूल्य दिल्ली में 20 रुपए सुधरकर 4400/4450 रुपए प्रति क्विंटल पर पहुंचा, इंदौर और कोलकाता तथा मुम्बई (वाशी) में पिछले स्तर पर बरकरार रहा जबकि रायपुर में 20 रुपए गिरकर 3980/4050 रुपए प्रति क्विंटल रह गया। नाका पोर्ट डिलीवरी मूल्य में कोई बदलाव नहीं हुआ।