अगले मार्केटिंग सीजन में चीनी उद्योग का प्रदर्शन बेहतर रहने की उम्मीद
18-Sep-2025 05:48 PM
मुम्बई। गन्ना की अच्छी संभावित पैदावार एवं चीनी की ऊंची रिकवरी दर की उम्मीद से 2025-26 के मार्केटिंग सीजन में स्वदेशी उद्योग को अपना प्रदर्शन सुधारने का अनुकूल अवसर मिलने का भरोसा है।
शीर्ष उद्योग संस्था- इंडियन शुगर एन्ड बायो एनर्जी मैन्युफैक्चर्स एसोसिएशन (इस्मा) ने अक्टूबर 2025 से आरंभ होकर सितम्बर 2026 तक जारी रहने वाले मार्केटिंग सीजन के दौरान 349 लाख टन चीनी के उत्पादन का आरंभिक अनुमान लगाया है जो 2024-25 सीजन के अनुमानित उत्पादन 295 लाख टन से 54 लाख टन या करीब 18 प्रतिशत ज्यादा है।
इसमें एथनॉल निर्माण में इस्तेमाल होने वाली चीनी का स्टॉक भी शामिल है। इस्मा का यह आरंभिक उत्पादन आंकड़ा है जबकि अक्टूबर-नवम्बर में संस्था द्वारा चीनी के उत्पादन का प्रथम अग्रिम अनुमान जारी किए जाने की संभावना है।
इस्मा के मुताबिक खाद्य जरूरतों को पुरा करने के बाद 2025-26 के मार्केटिंग सीजन में लगभग 120 लाख टन चीनी का अधिशेष स्टॉक मौजूद रह सकता है जिससे एथनॉल निर्माण तथा निर्यात उद्देश्य के लिए इसका स्टॉक मौजूद रहने की उम्मीद है।
पिछले दिन चीनी एवं एथनॉल उत्पादकों के एक सम्मेलन में इस्मा के अध्यक्ष ने सरकार से 2025-26 के मार्केटिंग सीजन में 20 लाख टन चीनी के निर्यात की अनुमति देने का आग्रह किया था।
केन्द्रीय खाद्य सचिव ने भी कहा है कि चीनी उद्योग के लिए एक बार फिर अच्छे दिन आने वाले हैं। 2025-26 के सीजन में गन्ना तथा चीनी का उत्पादन बेहतर होने की उम्मीद है। इससे एथनॉल उत्पादन बढ़ाने में भी सहायता मिलेगी।
शुगर कांफ्रेंस में इस बात पर विशेष रूप से चर्चा की गई कि 2025-26 के मार्केटिंग सीजन (अक्टूबर-सितम्बर) के दौरान जो 120 लाख टन चीनी का अधिशेष स्टॉक मौजूद रहने की उम्मीद है उसका उपयोग किस तरह किया जाए।
इस अधिशेष स्टॉक में 2024-25 सीजन के अंत में बचने वाला स्टॉक भी शामिल है। अगले 15-20 दिन में गन्ना की क्रशिंग आरंभ हो जाने की उम्मीद है।
