अमरीका को गैर जीएम सोयाबीन एवं सोयामील का निर्यात बढ़ाने की जरूरत पर जोर

23-Apr-2025 08:44 PM

मुम्बई। एक अग्रणी उद्योग संगठन- सॉल्वेंट एक्सट्रैक्टर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया (सी) ने केन्द्र   सरकार से आग्रह किया है कि अमरीका के साथ जारी द्विपक्षीय व्यापार वार्ता के क्रम में इस बात पर जोर दिया जाए कि अमरीका भारतीय ऑर्गेनिक गैर जीएम सोयाबीन तथा इससे निर्मित सोयामील के आयात हेतु अपने बाजार को खोल दे।

उल्लेखनीय हैं कि अमरीका ने इसके आयात पर सेफगार्ड  शुल्क लगा रखा है जिससे वहां इसका निर्यात शिपमेंट लगभग ठप्प पड़ गया है। 

सेफगार्ड ड्यूटी लागू होने से पूर्व भारत से अमरीका को प्रति वर्ष 1.50-2.00 लाख टन ऑर्गेनिक सोयाबीन एवं सोयामील का निर्यात हो रहा था लेकिन अमरीकी उत्पादों द्वारा इस आयात का विरोध किए जाने के बाद सरकार ने इस पर सेफगार्ड शुल्क लगा दिया और इसके फलस्वरूप भारत से वहां इसका आयात तेजी से घटते हुए लगभग बंद हो गया। 

एसोसिएशन के अनुसार भारत और अमरीका के बीच द्विपक्षीय व्यापार समझौता (बीटीए) के लिए बातचीत का सिलसिला (दौर) अभी जारी है। इसमें सोयाबीन एवं इसके उत्पादों तथा मक्का जैसे महत्वपूर्ण कृषि उत्पादों को भी शामिल किया गया है।

वाणिज्य मंत्रालय को इस बात पर जोर देना चाहिए कि अमरीका भारतीय ऑर्गेनिक सोयाबीन एवं सोयामील के आयात पर लगे सेफगार्ड शुल्क को समाप्त कर दे।

हालांकि ब्राजील के बाद अमरीका दुनिया में सोयाबीन का दूसरा सबसे प्रमुख उत्पादक  एवं निर्यातक देश है मगर वहां मुख्यतः जीएम प्रजाति की फसल का उत्पादन होता है।

भारत में गैर जीएम सोयाबीन की पैदावार होती है। भारतीय ऑर्गेनिक सोयाबीन एवं सोयामील को अनेक देशों में पसंद किया जाता है। समीक्षक का कहना है कि यदि अमरीका को भारत से कुछ छूट या रियायत चाहिए तो उसे भी भारत को शुल्क में राहत देनी पड़ेगी।