भारत में सोयाबीन उत्पादन, मांग और स्टॉक संतुलन का अनुमान- कैसा रहेगा बाज़ारों का रुझान
05-Aug-2025 12:16 PM
भारत में सोयाबीन उत्पादन, मांग और स्टॉक संतुलन का अनुमान- कैसा रहेगा बाज़ारों का रुझान
★ आई ग्रेन इंडिया के ताज़ा अनुमान के अनुसार, 2025-26 में भारत में सोयाबीन का उत्पादन घटकर 100 लाख टन रहने की संभावना है, जो 2024-25 में 115 लाख टन था। इसके परिणामस्वरूप कुल आपूर्ति भी घटकर 122.9 लाख टन रह सकती है, जबकि पिछले वर्ष यह 129.8 लाख टन थी।
★ 2023-24 में सोयाबीन का उत्पादन 110 लाख टन रहा था, और उस वर्ष 6.25 लाख टन का आयात भी हुआ था। लेकिन 2024-25 और 2025-26 में आयात क्रमशः 0.25 और 0.2 लाख टन तक सीमित रह सकता है।
★ 2025-26 में कुल 17 लाख टन बीज व प्रत्यक्ष उपयोग के लिए सुरक्षित रखे जाने और 88 लाख टन की क्रशिंग के बाद सीज़न का अंतिम स्टॉक 17.8 लाख टन रह सकता है। यह भले ही पिछले साल (2024-25) के 22.7 लाख टन स्टॉक से कम हो, लेकिन 2023-24 के 14.55 लाख टन के मुकाबले बेहतर माना जा सकता है।
★ इन आंकड़ों से स्पष्ट है कि उत्पादन में संभावित गिरावट के चलते 2025-26 में सोयाबीन की आपूर्ति में थोड़ी कमी हो सकती है, जिससे घरेलू बाजार में कीमतों पर असर पड़ सकता है।
★ हालांकि, घरेलू बाजार भारी मात्रा में हो रहे खाद्य तेलों के आयात और डीडीजीएस (DDGS) की बढ़ती खपत के कारण प्रभावित हो रहा है, जिससे क्रशिंग पर असर पड़ा है।
★ क्रशिंग की मांग कम होने के साथ-साथ सरकारी बिक्री भी जारी है, जिससे उपलब्धता तो बढ़ी है, लेकिन क्रशिंग की मांग घट गई है।
★ जब तक क्रशिंग की मांग नहीं निकलती, तब तक कीमतों पर दबाव बना रह सकता है। हालांकि, अगले दो महीनों की त्योहारों से जुड़ी मांग को देखते हुए फिलहाल सोयाबीन की कीमतों को कुछ समर्थन मिल सकता है।
