फेंगल तूफान से पांडिचेरी में वर्षा का 30 वर्षों का रिकॉर्ड टूटा
02-Dec-2024 04:24 PM
तिरुअनन्तपुरम । बंगाल की खाड़ी में उत्पन्न फेंगल नामक समुद्री चक्रवाती तूफान से पांडिचेरी, तमिनाडु एवं आसपास के क्षेत्रों में अत्यन्त तेज हवा के साथ मूसलाधार बारिश होने से न केवल जनजीवन अस्त व्यस्त हो गया है बल्कि खेतों में पानी भी भर जाने से रबी फसलों की बिजाई एवं प्रगति भी बुरी तरह प्रभावित होने की आशंका है।
जोरदार वर्षा का दौर अभी जारी है और इसका विस्तार कर्नाटक, केरल तथा आंध्र प्रदेश तक देखा जा रहा है। पांडिचेरी में तो इतनी जबरदस्त वर्षा हुई कि पीछे तीन दशकों का रिकॉर्ड टूट गया भयंकर तूफान से काफी नुकसान होने की खबर आ रही है।
फेंगल तूफान के प्रकोप दोबारा शुरू होने की आशंका है। मौसम विभाग के अनुसार यह तूफान फिलहाल कुड्डालोर से 30 कि०मी०, विल्लूपुरम से 40 कि०मी० तथा चेन्नई से 120 कि०मी० की दूरी पर पांडिचेरी के पास अब स्थित है और धीरे-धीरे ताकत तथा सघनता प्राप्त कर रहा है।
पांडिचेरी और इसके आसपास के इलाकों में अत्यन्त मूसलाधार बारिश होने से आम लोगों की कठिनाई बढ़ गई। वर्षा का दायरा तिरुपति, चित्तूर, तिरुअन्नामलाई, सलेम, तिरुचिरापल्ली, मुरमुपेट और कुड्डलोर तक फैला हुआ है।
उधर आंध्र प्रदेश के रॉयल सीमा तथा दक्षिणी आंतरिक कर्नाटक में भी बारिश हुई है। मौसम विभाग के मुताबिक यह तूफान पश्चिमी दिशा की ओर बढ़ रहा है और धीरे-धीरे कमजोर पड़कर उत्तरी तटीय तमिलनाडु तथा पांडिचेरी में गहरे डिप्रेशन के रूप में बदल सकता है।
पांडिचेरी में रविवार (1 दिसम्बर) की सुबह 8.30 बजे तक 48.4 से०मी० वर्षा हुई जो पिछले 30 वर्षों में यानी 1995-2024 की अवधि के दौरान एक दिन (24 घंटे) की सबसे ज्यादा बारिश थी।
मौसम विभाग के मुताबिक आगे कुछ दिनों के दौरान पांडिचेरी एवं तमिलनाडु के कई क्षेत्रों में सामान्य एवं भारी से लेकर अत्यन्त भारी वर्षा होने की संभावना है। इसी तरह तटीय आंध्र प्रदेश, केरल, रॉयल सीमा तथा दक्षिणी आंतरिक कर्नाटक में भी जोरदार बारिश होने के आसार हैं।
