गन्ना के रिकॉर्ड उत्पादन के बावजूद चीनी मिलों की पर्याप्त अपूर्ति नहीं
11-Mar-2026 07:37 PM
नई दिल्ली। हालांकि केन्द्रीय कृषि मंत्रालय ने 2025-26 के मौजूदा मार्केटिंग सीजन में राष्ट्रीय स्तर पर गन्ना की कुल पैदावार उछलकर 5001.97 लाख टन के सर्वकालीन सर्वोच्च स्तर पर पहुंच जाने का अनुमान लगाया है जो 2024-25 सीजन के उत्पादन 4546.11 लाख टन से काफी अधिक है
लेकिन चीनी मिलों को इसकी पर्याप्त आपूर्ति नहीं होने से सरकारी आंकड़े पर संदेह बना हुआ है। गन्ना के अभाव में महाराष्ट्र और कर्नाटक की चीनी मिलें धड़ाधड़ बंद हो रही है जबकि उत्तर प्रदेश एवं गुजरात समेत अन्य प्रमुख उत्पादक राज्यों में भी चीनी मिलों के बंद होने की रफ्तार बढ़ गई है।
उल्लेखनीय है कि गन्ना की सीमित आपूर्ति एवं उपलब्धता को देखते हुए उद्योग- व्यापार संगठनों ने चीनी उत्पादन के पूर्व अनुमान को घटाना शुरू कर दिया है।
यह अलग बात है कि चीनी का उत्पादन इस बार गत वर्ष से अधिक होने की उम्मीद है लेकिन यह बढ़ोत्तरी इतनी नहीं होगी- जिसकी पहले संभावना व्यक्त की जा रही थी।
कृषि मंत्रालय के अनुसार गन्ना का घरेलू उत्पादन 2023-24 के सीजन में 4531.58 लाख टन, 2022-23 में 4905.33 लाख टन तथा 2021-22 के सीजन में 4394.25 लाख टन हुआ था।
उद्योग समीक्षकों के अनुसार अगर 2025-26 के वर्तमान सीजन में 50 करोड़ टन से अधिक गन्ना का उत्पादन हुआ होता तो चीनी का उत्पादन 300 लाख टन की सीमा को आसानी से पार कर जाता और एथनॉल निर्माताओं को भी इसका पर्याप्त स्टॉक हासिल हो सकता था। इस बार गन्ना से चीनी की औसत रिकवरी दर में वृद्धि देखी जा रही है।
