जायद फसलों का रकबा बढ़कर 15.20 लाख हेक्टेयर पर पहुंचा

17-Feb-2026 08:35 PM

नई दिल्ली। रबी फसलों की बिजाई समाप्त होने के बाद अब ग्रीष्मकालीन या जायद सीजन की फसलों की खेती आरंभ हो चुकी है और इसका उत्पादन क्षेत्र गत वर्ष के 14.80 लाख हेक्टेयर से 40 हजार हेक्टेयर बढ़कर इस बार 15.20 लाख हेक्टेयर पर पहुंच गया है। जायद फसलों की बिजाई अगले कई सप्ताहों तक जारी रहेगी जिससे रकबे में और सुधार आ सकता है। 

हालांकि समीक्षाधीन अवधि के दौरान धान का उत्पादन क्षेत्र 13.20 लाख हेक्टेयर से घटकर 12.80 लाख हेक्टेयर पर अटक गया लेकिन दलहनों का बिजाई क्षेत्र 50 हजार हेक्टेयर से सुधरकर 58 हजार हेक्टेयर तथा तिलहनों का क्षेत्रफल 59 हजार हेक्टेयर से बढ़कर 99 हजार हेक्टेयर हो गया।

इसके अलावा मोटे अनाजों का रकबा भी 50 हजार हेक्टेयर से बढ़कर 82 हजार हेक्टेयर पर पहुंच गया। दलहन फसलों में मूंग का उत्पादन क्षेत्र तो 44 हजार हेक्टेयर के पिछले स्तर पर ही बरकरार रहा लेकिन उड़द के रकबे में थोड़ी वृद्धि हुई।

इसी तरह मोटे अनाजों में मक्का का बिजाई क्षेत्र पिछले साल के 48 हजार हेक्टेयर से बढ़कर 63 हजार हेक्टेयर और तिलहन फसलों में मूंगफली का क्षेत्रफल 49 हजार हेक्टेयर से उछलकर 87 हजार हेक्टेयर पर पहुंच गया। इस तरह धान के उत्पादन क्षेत्र में 3 प्रतिशत की गिरावट आने के बावजूद जायद फसलों के कुल क्षेत्रफल में 3 प्रतिशत का इजाफा दर्ज किया गया। गुजरात सहित कई अन्य राज्यों में ग्रीष्मकालीन फसलों की बिजाई अभी चल रही है।