महाराष्ट्र में जोरदार बारिश एवं बाढ़ से खरीफ फसलों को भारी नुकसान

17-Sep-2025 10:46 AM

मुम्बई। देश के एक प्रमुख कृषि उत्पादक राज्य- महाराष्ट्र में अत्यन्त मूसलाधार बारिश होने तथा कहीं-कहीं भयंकर बाढ़ का प्रकोप रहने से 42.84 लाख एकड़ से अधिक क्षेत्रफल में ऐसी खरीफ फसलें बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई हैं जो या तो कटाई-तैयारी के योग्य हो गई हैं या फिर परिपक्वता के चरण में पहुंच गई हैं।

महाराष्ट्र के कृषि मंत्री के अनुसार राज्य के विभिन्न जिलों में 17,85,714 हेक्टेयर भूमि में खरीफ फसलों को भारी नुकसान हुआ है जो 42.84 लाख एकड़ से अधिक क्षेत्रफल के समतुल्य है।

प्राकृतिक आपदाओं से नासिक जिला सर्वाधिक प्रभावित हुआ है। वहां 7.28 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में खरीफ फसलें बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई हैं। इसके बाद वाशिम जिले में 2.03 लाख हेक्टेयर में फसलें बर्बाद हुई है। 

कृषि मंत्री के मुताबिक अत्यन्त मूसलाधार बारिश एवं खेतों में जल जमाव के कारण यवतमाल जिले में 3.18 लाख हेक्टेयर, धाराशिव में 1.57 लाख हेक्टेयर, अकोला में 1.77 लाख हेक्टेयर, बुलढाणा में 89,782 हेक्टेयर तथा सोलापुर जिले में 47,266 हेक्टेयर में खरीफ फसलों के बर्बाद होने की सूचना मिल रही है।

इसके अलावा हिंगोली, बीड, परभनी, अमरावती, जलगांव, वर्धा, सांगली, अहिल्या नगर, छत्रपति संभाजी नगर, जालना, लातूर धुले, रत्नागिरी, चंद्रपुर, सतारा, नासिक, कोल्हापुर, सिंधदुर्ग, पुणे, गढ़ चिरौंजी, रायगढ़ एवं नागपुर जैसे जिलों में भी बाढ़-वर्षा से खरीफ फसलों को क्षति हुई है। 

प्राकृतिक आपदाओं से महाराष्ट्र में जिन फसलों को सर्वाधिक नुकसान हुआ है उसमें सोयाबीन, मक्का, कपास, उड़द, तुवर एवं मूंग आदि शामिल है। इसके अलावा फलों, सब्जियों, मिलेट्स, गन्ना, प्याज, ज्वार तथा हल्दी की फसल को भी काफी नुकसान होने की खबर मिल रही है।