मानसून की वापसी तो शुरू मगर वर्षा का दौर भी जारी

19-Sep-2025 07:50 PM

नई दिल्ली। हालांकि दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी आरम्भ हो गई है और अपने लौटते चरण के क्रम में फिलहाल यह भटिंडा, फतेहाबाद, शिवनी, अजमेर, डीसा तथा भुज से होकर गुजर रहा है।

कहने का मतलब यह है कि मानसून फिलहाल पंजाब, राजस्थान एवं गुजरात में घूम फिर रहा है। उधर प्रायद्वीपीय भारत के मध्यवर्ती एवं उत्तरी भाग में उड़ीसा, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश तथा महाराष्ट्र के ऊपर वर्षा वाले बादलों की सघनता अगले सप्ताह बढ़ने की संभावना है जिससे  मानसून की अपनी वापसी यात्रा के क्रम में आगे बढ़ने में प्रतिरोध का सामना करना पड़ सकता है। 

मौसम विभाग के अनुसार राजस्थान और गुजरात के जिन इलाकों से मानसून प्रस्थान कर चुका है वहां भी चालू माह के अंतिम सप्ताह के दौरान बारिश होने के आसार हैं।

इसका मतलब यह हुआ कि 25 सितम्बर से 1 अक्टूबर 2025 के दौरान देश के कई राज्यों में मूसलाधार बारिश हो सकती है। मौसम विभाग के मुताबिक कुल मिलाकर समीक्षाधीन सप्ताह के दौरान देश के मध्यवर्ती एवं प्रायद्वीपीय भाग में सामान्य औसत से अधिक तथा पश्चिमोत्तर एवं पूर्वी भारत में सामान्य या सामान्य से अधिक वर्षा होने की उम्मीद है जबकि पूर्वोत्तर राज्यों में सामान्य से कम बारिश हो सकती है। 

मौसम विभाग ने मानसून के प्रस्थान की तिथि 17 सितम्बर नियत की थी जबकि यह उससे तीन दिन पूर्व यानी 14 सितम्बर को ही राजस्थान के सुदूर पश्चिमी भाग से विदा हो गया।

लेकिन अपनी वापसी यात्रा के क्रम में यह कई राज्यों में बरस सकता है जिससे खरीफ फसलें आंशिक रूप से प्रभावित हो सकती है। अनेक क्षेत्रों में फसलें पकने लगी हैं और वहां असामयिक वर्षा से क्वालिटी पर असर पड़ने की आशंका है।

मौजूद मानसून सीजन के दौरान देश में सामान्य औसत के सापेक्ष 108 प्रतिशत बारिश हुई है। कई क्षेत्रों में अधिशेष वर्षा की वजह से बाढ़ भी आ गई।