मध्य दिसम्बर तक चीनी के उत्पादन में 17 प्रतिशत की गिरावट
18-Dec-2024 04:19 PM
नई दिल्ली । महाराष्ट्र एवं कर्नाटक जैसे अग्रणी उत्पादक राज्यों में मिलों के देर से चालू होने के कारण गन्ना की क्रशिंग तथा चीनी के उत्पादन में गिरावट देखी जा रही है।
शीर्ष उद्योग संस्था- इंडियन शुगर एंड बायो एनर्जी मैन्युफैक्चर्स एसोसिएशन (इस्मा) के नवीनतम आंकड़ों के अनुसार चालू मार्केटिंग सीजन के शुरूआती ढाई महीनों में यानी 1 अक्टूबर से 15 दिसम्बर 2024 के दौरान देश में चीनी का कुल उत्पादन 61.39 लाख टन पर ही पहुंच सका जो पिछले साल की समान अवधि के उत्पादन 74.05 लाख टन से 17 प्रतिशत कम रहा।
उल्लेखनीय है कि पिछले साल की तुलना में चालू मार्केटिंग सीजन के दौरान कर्नाटक में चीनी मिलों में गन्ना की क्रशिंग करीब 7 से 12 दिन देर से शुरू हुई जबकि सबसे प्रमुख चीनी उत्पादक राज्य- महाराष्ट्र में 15-20 दिनों तक की देर हो गई।
इस्मा के आंकड़ों के अनुसार पिछले साल के मुकाबले वर्तमान मार्केटिंग सीजन के दौरान चीनी का उत्पादन उत्तर प्रदेश में 22.11 लाख टन से बढ़कर 23.04 लाख टन पर पहुंच गया लेकिन महाराष्ट्र में 24.45 लाख टन से लुढ़ककर 16.78 लाख टन तथा कर्नाटक में 17.56 लाख टन से घटकर 13.85 लाख टन पर अटक गया।
इस्मा के मुताबिक चालू मार्केटिंग सीजन के दौरान एथनॉल निर्माण में लगभग 40 लाख टन चीनी के समतुल्य गन्ना का उपयोग हो सकता है जो पिछले सीजन में इस्तेमाल हुई कुल मात्रा 21.50 लाख टन से लगभग दोगुना है।
उपरोक्त प्रांतों के अलावा तमिलनाडु एवं गुजरात सहित कुछ अन्य राज्यों में भी चीनी का उत्पादन गत वर्ष से पीछे चल रहा है और इसकी रिकवरी दर में भी कमी आई है।
