नई दिल्ली में 12-14 फरवरी को सातवें पल्सेस कॉनक्लेव का आयोजन

10-Feb-2025 01:19 PM

नई दिल्ली । दलहनों के सबसे प्रमुख उत्पादक एवं उपभोक्ता देश- भारत में रबी कालीन फसलों की कटाई-तैयारी शुरू होने से पूर्व कारोबारी हलचल बढ़ने लगी है।

उसके तहत नई दिल्ली के प्रगति मैदान में अवस्थित भारत मंडपम में 12 से 14 फरवरी 2025 के दौरान सातवें 'पल्सेस कॉनक्लेव' 2025 का आयोजन किया जा रहा है। यह वही कार्यक्रम स्थल है जहां प्रतिष्ठित जी 20 सम्मलेन हुआ था। 

दलहन परितंत्र में पल्सेस कॉनक्लेव को अग्रणी कार्यक्रम माना जाता है क्योंकि इसमें दाल-दलहनों के उत्पादन, स्टॉक, उपयोग, आयात-निर्यात, कारोबार तथा मूल्य आदि से सम्बन्धित तमाम पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की जाती है और इसमें अग्रणी, प्रतिष्ठित तथा अनुभवी विश्लेषक- विशेषज्ञ भाग लेकर अपना विचार तथा आंकड़ों का लेखा जोखा प्रस्तुत करते हैं।

इस महत्वपूर्ण एवं उपयोगी कार्यक्रम में नीति निर्माताओं के साथ-साथ दलहन उद्योग एवं व्यापार क्षेत्र के जाने माने समीक्षक सम्मिलित हो रहे हैं।

'दि पल्सेस कॉनक्लेव (टीपीसी) 2025 एक परिवर्तनीय अनुभव उपलब्ध करवाएगा और इसमें संवाद, सहयोग तथा विकास  सभी सम्बद्ध पक्षों को बेहतर मंच प्राप्त होगा। 

दलहन क्षेत्र के इस सबसे प्रमुख कांफ्रेंस- सह- प्रदर्शनी में भाग लेना अपने आप में एक सुखद अनुभव  क्योंकि इसमें दी गई जानकारी तथा सूचनाएं सभी पक्षों को अपनी आगामी रणनीति बनने में अत्यन्त सहायक साबित होती है।

भारत दाल-दलहनों  का प्रमुख व्यापारिक स्थल है और दुनिया के अधिकांश प्रमुख निर्यातक देशों की नजर भारतीय दलहन बाजार पर केन्द्रित रहती है।

इसमें कनाडा, ऑस्ट्रेलिया, म्यांमार, रूस तथा अफ्रीकी देश आदि शामिल हैं। दलहनों के वैश्विक उत्पादन तथा स्टॉक की सही जानकारी मिलने से भारत को इसके आयात की नीति बनाने में आसानी होगी।