रबी सीजन के लिए 17.114 करोड़ टन खाद्यान्न का उत्पादन लक्ष्य निर्धारित
17-Sep-2025 05:09 PM
नई दिल्ली। केन्द्र सरकार ने 2025-26 के रबी सीजन हेतु 1711.40 लाख (17.114 करोड़) टन खाद्यान्न के उत्पादन का लक्ष्य निर्धारित किया है जिसमें गेहूं, मोटे अनाज एवं दलहनों की पैदावार का लक्ष्य शामिल है। गेहूं के उत्पादन का लक्ष्य 1190 लाख टन तथा चना के उत्पादन का लक्ष्य 118 लाख टन नियत किया गया है।
इसके अलावा करीब 140 लाख टन सरसों की पैदावार का लक्ष्य भी निर्धारित किया गया है। केन्द्रीय कृषि मंत्रालय द्वारा 2025-26 के सम्पूर्ण मार्केटिंग सीजन के लिए कुल 36.25 करोड़ टन खाद्यान्न के उत्पादन का लक्ष्य नियत किया गया है।
केन्द्रीय कृषि मंत्री के अनुसार आगामी रबी सीजन के लिए फसलों के उत्पादन का लक्ष्य कुछ छोटा रखा गया है और विकसित कृषि संकल्प अभियान के माध्यम से राज्यों के सक्रिय सहयोग के पास उस लक्ष्य को हासिल करने में ज्यादा कठिनाई नहीं होगी।
कृषि मंत्री के मुताबिक उत्पादन क्षेत्र के आधार पर रबी सीजन में 229 लाख टन बीज की आवश्यकता पड़ने की संभावना है जबकि इसकी कुल उपलब्धता 250 लाख टन के करीब है। इस तरह राष्ट्रीय स्तर पर विभिन्न रबी फसलों के लिए किसानों के बीच की मांग को पूरा करना आसान हो जाएगा।
लेकिन कृषि मंत्री ने रासायनिक उर्वरकों की मांग एवं उपलब्धता के बारे में कोई जानकारी देने से यह कहते हुए इंकार कर दिया कि राज्यों के साथ इस सम्बन्ध में विचार विमर्श अभी जारी है।
उधर राज्यों द्वारा केन्द्र से रबी सीजन के दौरान उर्वरकों की पर्याप्त आपूर्ति एवं उपलब्धता सुनिश्चित किए जाने की मांग की गई है ताकि किसानों को गेहूं सहित अन्य फसलों की बिजाई में दिक्कत न हो।
रबी सीजन के दौरान गेहूं, चना एवं सरसों की खेती बड़े पैमाने पर की जाती है। इसके अलावा मसूर, मटर, जौ तथा अलसी भी रबी सीजन की खास फसल है जबकि मूंग, उड़द एवं मूंगफली, तिल, सूरजमुखी तथा मक्का एवं ज्वार की बिजाई रबी सीजन के साथ-साथ खरीफ सीजन में भी होती है।
इस पर दक्षिण-पश्चिम मानसून की जोरदार बारिश होने से कुछ राज्यों में खरीफ फसलों को नुकसान हुआ है जिससे अनाज, दलहन, तिलहन एवं ग्वार-कपास की पैदावार नियत लक्ष्य तक पहुंचना मुश्किल लगता है।
