साप्ताहिक समीक्षा-चीनी

01-Mar-2025 07:16 PM

मार्च का मासिक फ्री सेल कोटा सामान्य होने से चीनी बाजार में तेजी  

नई दिल्ली। जनवरी और फरवरी 2025 के लिए 22.50 लाख टन का समान फ्री सेल मासिक कोटा नियत करने के बाद केन्द्रीय खाद्य  मंत्रालय ने मार्च माह के लिए फ्री सेल कोटा महज 50 हजार टन बढ़ाकर 23 लाख टन निर्धारित किया है। इस तरह चालू कैलेंडर वर्ष की पहली तिमाही के लिए कुल 68 लाख टन चीनी की घरेलू बिक्री का कोटा घोषित हो चुका है। वर्ष 2024 की सम्पूर्ण अवधि (जनवरी-दिसम्बर) में 285 लाख टन तथा वर्ष 2023 में 287 लाख टन चीनी का फ्री सेल कोटा जारी किया गया था। मार्च 2024 में 23.50 लाख टन तथा मार्च 2023 में 22 लाख टन चीनी का कोटा देश भर के मिलर्स को आवंटित हुआ था। 

मिल डिलीवरी भाव 

नए कोटे से पूर्व चीनी के मिल डिलीवरी मूल्य तथा हाजिर बाजार भाव में 22 से 28 फरवरी वाले सप्ताह के दौरान अच्छी बढ़ोत्तरी दर्ज की गई। इसके तहत चीनी का मिल डिलीवरी मूल्य पूर्वी उत्तर प्रदेश में 10 रुपए प्रति क्विंटल, पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 25 रुपए, पंजाब एवं मध्य प्रदेश में 40-40 रुपए तथा बिहार में 41 रुपए प्रति क्विंट बढ़ गया। लेकिन गुजरात में यह 30-40 रुपए प्रति क्विंटल नरम पड़ गया। 

हाजिर भाव 

चीनी का हाजिर बाजार भाव यद्यपि दिल्ली में 20 रुपए फिसलकर 4350/4460 रुपए प्रति क्विंटल रह गया मगर इंदौर में 50 रुपए बढ़कर 4175/4275 रुपए प्रति क्विंटल तथा रायपुर में 50-75 रुपए बढ़कर 4170/4250 रुपए प्रति क्विंटल पर पहुंच गया। 

मुम्बई 

मुम्बई (वाशी) मार्केट में चीनी का दाम 3890/4080 रुपए प्रति क्विंटल के पुराने स्तर पर बरकरार रहा और नाका पोर्ट डिलीवरी मूल्य भी 3830/4030 रुपए प्रति क्विंटल पर स्थिर देखा गया उधर कोलकाता में चीनी का हाजिर मूल्य 80 से 150 रुपए तक उछलकर 4300/4450 रुपए प्रति क्विंटल हो गया। 

टेंडर 

चीनी का टेंडर महाराष्ट्र में 3760से 4010 रुपए प्रति क्विंटल के बीच रहा और सप्ताह के दौरान इसमें 45 से 130 रुपए की बढ़ोत्तरी दर्ज की गई। कर्नाटक में टेंडर मूल्य 180 रुपए तक उछलकर 3840 रुपए प्रति क्विंटल पर पहुंचा। सरकार ने मिलर्स को 10 लाख टन चीनी के निर्यात की अनुमति दी है जिसमें से 5 लाख टन चीनी का निर्यात अनुबंध हो चुका है। इसमें से करीब 2 लाख टन का शिपमेंट भी हो गया है। चीनी का घरेलू उत्पादन गत वर्ष से काफी पीछे चल रहा है इसलिए कीमतों में मजबूत आगे भी बरकरार रहने की उम्मीद है।