साप्ताहिक समीक्षा- सोयाबीन

20-Sep-2025 08:16 PM

क्रशिंग इकाइयों की लिवाली के अनुरूप सोयाबीन के दाम में मिश्रित रुख 

नई दिल्ली। क्रशिंग-प्रोसेसिंग इकाइयों की मांग एवं लिवाली के आधार पर 13-19 सितम्बर वाले सप्ताह के दौरान सोयाबीन का प्लांट डिलीवरी मूल्य मध्य प्रदेश में कुछ सुधर गया लेकिन महाराष्ट्र में यह नरम पड़ गया जबकि राजस्थान में लगभग स्थिर बना रहा। 
बिजाई 
संयोग से इन तीनों शीर्ष उत्पादक राज्यों में इस बार सोयाबीन के बिजाई क्षेत्र में कमी आई है और अधिशेष वर्षा, जल भराव तथा बाढ़ से फसल को क्षति पहुंचने की सूचना भी मिल रही है जिससे उत्पादन में गिरावट आने की आशंका  है मगर बाजार पर इसका कोई मनोवैज्ञानिक असर नहीं पड़ रहा है कहीं-कहीं नई फसल की छिटपुट आवक शुरू हो चुकी है।
प्लांट डिलीवरी भाव  
समीक्षाधीन अवधि के दौरान सोयाबीन का प्लांट डिलीवरी मूल्य 4400/4600 रुपए प्रति क्विंटल दर्ज किया गया जो सरकारी समर्थन मूल्य से काफी नीचे है। मालूम हो कि सरकार ने सोयाबीन का न्यूनतम समर्थन मूल्य 2024-25 सीजन के 4892 रुपए प्रति क्विंटल से बढ़ाकर 2025-26 सीजन के लिए 5328 रुपए प्रति क्विंटल निर्धारित किया है। 
सोया तेल (रिफाइंड) 
लेकिन सोयाबीन की कीमतों में आए उतार-चढ़ाव का सोया रिफाइंड तेल के दाम पर कोई विशेष असर नहीं पड़ा और इसमें काफी हद तक स्थिरता देखी गई। देशों में भी सोया तेल का दाम कुछ नरम चल रहा है। सोया रिफाइंड तेल के मूल्य में कोटा तथा मुम्बई में 5-5 रुपए तथा हल्दिया में 3 रुपए प्रति 10 किलो का सुधार आया जबकि कांडला में भाव स्थिर रहा। 
सोया खल (डीओसी) 
जहां तक सोया डीओसी का सवाल है तो मध्य प्रदेश में इसका कारोबार कम हुआ और कीमतों में भी स्थिरता बनी रही लेकिन महाराष्ट्र में कमजोर मांग के कारण इसकी कीमतों में 500 से 1500 रुपए प्रति टन तक की गिरावट दर्ज की गई। राजस्थान में भी कीमत नरम रही।