सितम्बर में इंडोनेशियाई पाम तेल के निर्यात में 22 प्रतिशत की भारी गिरावट

27-Nov-2024 04:36 PM

जकार्ता । इंडोनेशियाई पाम तेल उद्योग एवं व्यापार क्षेत्र के अग्रणी संगठन- गापकी के आंकड़ों से ज्ञात होता है कि अगस्त की तुलना में सितम्बर 2024 के दौरान पाम तेल के उत्पादन में करीब 1 प्रतिशत की वृद्धि हुई मगर निर्यात में 22 प्रतिशत की जोरदार गिरावट आने के कारण माह के अंत में बकाया अधिशेष स्टॉक करीब 23 प्रतिशत बढ़ गया।

इंडोनेशिया में पाम तेल की घरेलू खपत काफी अधिक होती है क्योंकि वहां मानवीय खाद्य उद्देश्य के साथ-साथ बायोडीजल निर्माण में भी बड़े पैमाने पर तेल का उपयोग किया जाता है। 

गापकी की रिपोर्ट के अनुसार अगस्त 2024 में इंडोनेशिया से 23.84 लाख टन पाम तेल उत्पादों का शानदार निर्यात हुआ था मगर सितम्बर में यह घटकर 18.60 लाख टन पर अटक गया।

इस अवधि में खासकर भारत और चीन की मांग कमजोर रही। उल्लेखनीय है कि इंडोनेशिया से पाम तेल उत्पादों का सर्वाधिक निर्यात इन्हीं दो देशों को किया जाता है।

गापकी के आंकड़ों के मुताबिक इंडोनेशिया में पाम तेल का उत्पादन अगस्त के 43.76 लाख टन से 0.9 प्रतिशत बढ़कर सितम्बर में 44.15 लाख टन पर पहुंच गया।

इसी तरह समीक्षाधीन अवधि में वहां पाम तेल उत्पादों का बकाया अधिशेष स्टॉक 24.50 लाख टन से 23.3 प्रतिशत उछलकर 30.21 लाख टन पर पहुंचा जिससे कीमतों पर दबाव बढ़ गया। 

इंडोनेशिया संसार में पाम तेल का सबसे प्रमुख उत्पादक एवं निर्यातक देश है। वहां इसके उत्पादन का पीक सीजन नवम्बर-दिसम्बर तक जारी रहता है। भारत और चीन के अलावा यूरोपीय संघ तथा अनेक मुस्लिम देश भी इंडोनेशिया से भारी मात्रा में पाम तेल का आयात करते हैं।

भारत में नवम्बर 2023 से अक्टूबर 2024 के दौरान इंडोनेशिया से 48.30 लाख टन पाम तेल का आयात किया गया जिसमें 16.33 लाख टन आरबीडी पामोलीन, 31.92 लाख टन क्रूड पाम तेल (सीपीओ) तथा 5 हजार टन क्रूड पाम कर्नेल तेल की मात्रा शामिल थी।