इंडोनेशिया को पाम तेल के लिए नए बाजारों की तलाश
15-Apr-2025 05:48 PM
जकार्ता। दुनिया में पाम तेल के सबसे प्रमुख उत्पादक, उपभोक्ता एवं निर्यातक देश- इंडोनेशिया को अपने इस महत्वपूर्ण वनस्पति तेल के निर्यात संवर्धन के लिए नए-नए बाजारों की तलाश है ताकि परम्परागत बाजारों में कोई अवरोध उत्पन्न होने पर नए बाजार उसकी क्षतिपूर्ति के लिए आगे आ सके।
इंडोनेशियाई पाम तेल कंपनियां यूरोप, अफ्रीका तथा मध्य पूर्व एशिया के देशों में अपना उत्पादन बेचने के लिए जी तोड़ कोशिश कर रही है। विश्लेषकों का कहना है कि ये कंपनियां अमरीकी व्यापार युद्ध के प्रभाव से स्वयं को बचने के लिए जोरदार प्रयास कर रही हैं।
उल्लेखनीय है कि पाम तेल के कुल वैश्विक निर्यात में इंडोनेशिया की भागीदारी 50 प्रतिशत से अधिक रहती है। अमरीका ने इंडोनेशियाई उत्पादों पर 32 प्रतिशत का आयात शुल्क लगाने की घोषणा की थी जिससे वह अमरीका में अपने उत्पादों के निर्यात में सबसे ज्यादा कठिनाई महसूस करने वाले देशों की सूची में शामिल हो गया।
वैसे अमरीकी राष्ट्रपति ने टैरिफ से प्रभावित सभी देशों को फौरी, राहत देते हुए सीमा शुल्क के क्रियान्वयन को तीन माह के लिए स्थगित कर दिया है।
पाम तेल इंडोनेशिया से अमरीका को निर्यात होने वाले सबसे प्रमुख उत्पादों में सम्मिलित है। हालांकि अमरीका में टैरिफ के क्रियान्वयन पर 90 दिनों की रोक लग गई है
लेकिन आगे का भविष्य अनिश्चित बना हुआ है इसलिए इंडोनेशियाई कंपनियों को पाम तेल का निर्यात बढ़ाने के लिए नए-नए बाजारों की तलाश की आवश्यकता महसूस हो रही है।
इंडोनेशियन पाम ऑयल एसोसिएशन (गापकी) के चेयरमैन का कहना है कि अमरीका में 90 दिनों के टैरिफ स्थगन से दोनों देशों के बीच बातचीत के सहारे मामले को सुलझाने के लिए कुछ समय तो मील गया है और इस अवधि में अमरीका को इंडोनेशिया से पाम तेल का निर्यात जारी रहेगा
लेकिन उसके बाद स्थिति अनिश्चित हो सकती है। इंडोनेशियाई कंपनियों को नए बाजार मिल सकते हैं और इसलिए वे इसकी जोरदार कोशिश भी कर रही है।
