पूर्वी भारत के आधे जलाशयों में पानी का स्टॉक घटा
21-Mar-2025 05:00 PM
पटना। वर्षा की कमी एवं बढ़ती गर्मी के कारण पूर्वी भारत के अधिकांश बांधों-जलाशयों में पानी का स्तर लगातार घटता जा रहा है।
केन्द्रीय जल आयोग के आंकड़ों से पता चलता है कि पूर्वी एवं पूर्वोत्तर भारत में कुल 25 जलाशय में जिसमें 12 में पानी का स्टॉक घटकर उसकी कुल भंडारण क्षमता के 40 प्रतिशत से भी नीचे आ गया है।
बिहार के एक मात्र जलाशय में तो केवल 18 प्रतिशत पानी का भंडार बचा हुआ है जिससे वहां आगे गंभीर जल संकट पैदा हो सकता है।
उल्लेखनीय है कि इस संभाग को सभी 25 जलाशयों में पानी की कुल भंडारण क्षमता 20.798 बिलियन क्यूबिक मीटर (बीसीएम) है जबकि उसमें केवल 9.083 बीसीएम या 44 प्रतिशत पानी का स्टॉक उपलब्ध है।
क्षमता के सापेक्ष केवल झारखंड में 54 प्रतिशत और त्रिपुरा में 65 प्रतिशत पानी का भंडार है। केवल यही दो प्रान्त ऐसे हैं जहां क्षमता के 50 प्रतिशत से अधिक पानी का स्टॉक उपलब्ध है जबकि शेष प्रान्तों में यह 45 प्रतिशत से भी कम है।
उधर पश्चिमी भारत के 50 जलाशयों में 55 प्रतिशत भंडारण क्षमता के समतुल्य पानी का स्टॉक आंका गया है। इन जलाशयों की कुल भंडारण क्षमता 37.357 बीसीएम है जबकि उसमें 20.417 बीसीएम पानी का भंडार मौजूद है।
गोवा, गुजरात एवं महाराष्ट्र के बांधों में 50 प्रतिशत से अधिक पानी का स्टॉक बचा हुआ है इसलिए वहां समस्या कम गंभीर है।
