साप्ताहिक समीक्षा- धान-चावल
26-Jul-2025 08:28 PM
कम आवक एवं सीमित मांग से धान का भाव स्थिर- चावल में मिश्रित रुख
नई दिल्ली। खरीफ कालीन धान की जोरदार खेती अभी जारी है और मानसून की अच्छी वर्षा होने से इसके क्षेत्रफल में बढ़ोत्तरी देखी जा रही है। इधर मंडियों में धान की आपूर्ति बहुत कम हो रही है। सामान्य श्रेणी का गैर बासमती धान की आवक नहीं या नगण्य हो रही है जबकि 'ए' ग्रेड तथा प्रीमियम क्वालिटी के बासमती धान की आपूर्ति भी बहुत कम हो रही है।
दिल्ली
19 से 25 जुलाई वाले सप्ताह के दौरान दिल्ली की नरेला मंडी में औसतन 1500-2500 बोरी धान की आवक हुई जबकि 24 जुलाई को यह बढ़कर 7000 बोरी पर पहुंच गई। आमतौर पर भाव स्थिर रहे मगर 1718 का दाम 35 रुपए गिरकर 37.50 रुपए प्रति क्विंटल रह गया।
छत्तीसगढ़
छत्तीसगढ़ की राजिम मंडी में 5-6 हजार बोरी धान की दैनिक आवक के बीच महामाया का भाव 230 रुपए बढ़कर 2950 रुपए प्रति क्विंटल हो गया। वहां भाटापाड़ा मंडी में भी 5-6 हजार बोरी धान की दैनिक आवक दर्ज की गई।
राजस्थान
राजस्थान की बूंदी मंडी में 1000-2000 बोरी तथा कोटा मंडी में 500 बोरी धान की रोजाना आवक हुई। बूंदी में भाव 100 रुपए तेज रहा जबकि कोटा मंडी में धान के दाम में 100-200 रुपए प्रति क्विंटल की गिरावट दर्ज की गई।
चावल
जहां तक चावल का सवाल है तो भाटापाड़ा में एचएमटी का कारोबार सुस्त पड़ने से भाव 200 रुपए घटकर 5200 रुपए प्रति क्विंटल पर आ गया। इसी तरह पंजाब की अमृतसर मंडी में विभिन्न किस्मों एवं श्रेणियों के चावल की कीमतों में 100 से 300 रुपए प्रति क्विंटल तक की भारी गिरावट दर्ज की गई। वहां चावल में घरेलू व्यापारियों के साथ-साथ निर्यातकों की मांग भी कमजोर पड़ गई है।
उत्तराखंड
उत्तराखंड की नगर मंडी में पिछले सप्ताह चावल के दाम में अच्छी बढ़ोत्तरी देखी गई थी मगर समीक्षाधीन सप्ताह के दौरान इसमें 50-100 रुपए प्रति क्विंटल की ही तेजी आई। राजस्थान की बूंदी मंडी में भी चावल का भाव कुछ सुधर गया।
दिल्ली
दिल्ली के नया बाजार में खरीदारों का अभाव होने से 1121 स्टीम एवं सेला तथा 1401 सेला चावल के मूल्य में 100-100 रुपए प्रति क्विंटल की गिरावट दर्ज की गई।
