आगामी सीजन में चीनी का उत्पादन बेहतर होने की उम्मीद

05-Jun-2025 04:26 PM

नई दिल्ली। प्राइवेट चीनी मिलों की शीर्ष संस्था- इंडियन शुगर एंड बायो एनर्जी मैन्युफैक्चर्स एसोसिएशन (इस्मा) ने 2025-26 के आगामी मार्केटिंग सीजन (अक्टूबर-सितम्बर) के दौरान चीनी का घरेलू उत्पादन बढ़कर 295 लाख टन से ऊपर पहुंच जाने का अनुमान लगाया है क्योंकि एक तो गन्ना के बिजाई क्षेत्र में बढ़ोत्तरी होने की उम्मीद है और दूसरे, मौसम तथा वर्षा की अनुकूल स्थिति के कारण गन्ना की औसत उपज दर तथा गन्ना से चीनी की औसत रिकवरी में भी सुधार आने के आसार हैं। हालांकि 2024-25 के वर्तमान मार्केटिंग सीजन के दौरान देश में चीनी का उत्पादन घटकर पिछले पांच वर्षों के निचले स्तर पर अटक गया लेकिन फिर भी इसकी कमी नहीं होगी क्योंकि पिछला बकाया स्टॉक काफी बड़ा था। मौसम  विभाग ने मानसून की अच्छी वर्षा होने पर उम्मीद जताई है। एथनॉल निर्माण में भी चीनी की अधिक मात्रा का उपयोग हुआ है और 10 लाख टन चीनी के निर्यात की प्रक्रिया जारी है। 

इस्मा के महानिदेशक के अनुसार महाराष्ट्र एवं कर्नाटक जैसे अग्रणी चीनी उत्पादक राज्यों में मौसम की हालत अनुकूल रहने से इस बार गन्ना के क्षेत्रफल में बढ़ोत्तरी के संकेत मिल रहे हैं और फसल की प्रगति भी बेहतर ढंग से हो रही है। इसके फलस्वरूप इस वर्ष चीनी के उत्पादन या गन्ना की क्रशिंग का सीजन अक्टूबर 2025 में सही समय पर आरंभ हो जाने की उम्मीद है। 

2025-26 के सीजन में चीनी का घरेलू उत्पादन बढ़ने से घरेलू खाद्य उद्देश्य एवं एथनॉल निर्माण- दोनों के लिए इसकी पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित हो सकेगी। मौसम विभाग ने इस वर्ष मानसून की वर्षा सामान्य औसत से ज्यादा होने की उम्मीद व्यक्त की है जो गन्ना की फसल के लिए अत्यन्त महत्वपूर्ण है। इस्मा के अनुसार चालू मार्केटिंग सीजन के अंत में यानी 30 सितम्बर 2025 को उद्योग के पास 53-54 लाख टन चीनी का बकाया अधिशेष स्टॉक मौजूद रह सकता है। जो अगले सीजन के दो शुरूआती महीनों की मांग को पूरा करने के लिए पर्याप्त होगा।