अच्छी मांग एवं सीमित आपूर्ति के कारण मूंगफली का भाव तेज

09-Jan-2026 08:27 PM

राजकोट। केन्द्रीय कृषि मंत्रालय ने अपने प्रथम अग्रिम अनुमान में 2025-26 के खरीफ सीजन में मूंगफली का उत्पादन बढ़कर 110.90 लाख टन पर पहुंच जाने की संभावना व्यक्त की है

जो 2024-25 के खरीफ उत्पादन 104.10 लाख टन से 6.80 लाख टन ज्यादा है। कृषि मंत्रालय के मुताबिक 2024-25 के सम्पूर्ण सीजन (खरीफ+रबी+जायद) में देश के अंदर कुल 119.40 लाख टन मूंगफली का उत्पादन हुआ। 

व्यापार विश्लेषकों के अनुसार इंडोनेशिया में भारतीय मूंगफली का आयात स्थगित होने के बावजूद इसका औसत घरेलू बाजार भाव बढ़कर 68000 रुपए प्रति टन पर पहुंच गया है

जो पिछले साल की समान अवधि के औसत भाव 51,444 रुपए प्रति टन से काफी ऊंचा लेकिन न्यूनतम समर्थन मूल्य 72,630 रुपए प्रति टन से काफी नीचे है। गुजरात में सरकारी एजेंसियों द्वारा न्यूनतम समर्थन मूल्य पर किसानों से भारी मात्रा में मूंगफली की खरीद की जा रही है।

समीक्षकों के अनुसार जोरदार मांग की तुलना में आपूर्ति कम होने के कारण हाल के दिनों में मूंगफली के घरेलू बाजार मूल्य में लगभग 30 प्रतिशत का भारी इजाफा हो चुका है और बाजार में तेजी-मजबूती का माहौल अभी बरकरार है। 

उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार वित्त वर्ष 2024-25 के दौरान भारत से 79.50 करोड़ डॉलर मूल्य की 7.46 लाख टन मूंगफली का निर्यात हुआ था जिसके करीब एक-तिहाई भाग का शिपमेंट अकेले इंडोनेशिया को हुआ वहां 28 करोड़ डॉलर मूल्य की 2.77 लाख टन मूंगफली का निर्यात किया गया।

चालू वित्त वर्ष (2025-26) की पहली छमाही में यानी अप्रैल-सितम्बर 2025 के दौरान भारत से 3.79 लाख टन मूंगफली का निर्यात हुआ जिससे 38.127 करोड़ डॉलर की आमदनी हुई।

इसके मुकाबले अप्रैल-दिसम्बर 2024 में 3.54 लाख टन मूंगफली के शिपमेंट से 41.258 करोड़ डॉलर की आमदनी हुई थी। भारत से दुनिया के कई देशों को मूंगफली का निर्यात किया जाता है।