भारत से चीनी का निर्यात 8 लाख टन तक सिमटने का अनुमान
01-May-2025 07:53 PM
नई दिल्ली। हालांकि केन्द्र सरकार ने 2024-25 के सम्पूर्ण मार्केटिंग सीजन के दौरान शिपमेंट के लिए देशभर के मिलर्स को कुल 10 लाख टन चीनी का निर्यात कोटा आवंटित किया है लेकिन मौजूदा परिदृश्य को देखते हुए प्रतीत होता है कि चीनी का वास्तविक निर्यात इस लक्ष्य से पीछे रह जाएगा।
केन्द्रीय खाद्य सचिव का मानना है कि 10 लाख टन के निर्धारित कोटे के सापेक्ष चीनी का वास्तविक निर्यात 8 लाख टन तक सिमट सकता है।
अभी तक 3 लाख टन का शिपमेंट हो चुका है जबकि करीब 60 हजार टन चीनी भारतीय बंदरगाहों पर मौजूद है जिसका शिपमेंट होना बाकी है।
एक प्रेस कांफ्रेंस को सम्बोधित करते हुए खाद्य सचिव ने कहा कि इस वर्ष कुल स्वीकृत कोटा में से लगभग 8 लाख टन चीनी का निर्यात हो सकता है।
खाद्य मंत्रालय ने 2024-25 के वर्तमान मार्केटिंग सीजन (अक्टूबर-सितम्बर) के दौरान कुल मिलाकर 260 लाख टन चीनी के उत्पादन का अनुमान लगाया है और इसका अधिकांश उत्पादन मिलर्स द्वारा पहले ही किया जा चुका है।
उल्लेखनीय है कि इस्मा के एक सदस्य ने पिछले महीने जेनेवा में आयोजित एक कांफ्रेंस में कहा था कि 2024-25 के सीजन में भारत से 6-7 लाख टन चीनी का निर्यात हो सकता है।
हालांकि सरकार की ओर से इस 10 लाख टन चीनी के निर्यात कोटे पर कोई रोक टोक नहीं है लेकिन घरेलू बाजार भाव ऊंचा तथा वैश्विक मूल्य नीचे होने से भारतीय निर्यातकों को भारी कठिनाई हो रही है।
सरकार ने इससे पूर्व 2023-24 के सम्पूर्ण मार्केटिंग सीजन के दौरान चीनी के निर्यात पर प्रतिबंध लगा रखा था और उद्योग के विशेष आग्रह पर 20 जनवरी 2025 को वर्तमान मार्केटिंग सीजन के लिए 10 लाख टन का निर्यात कोटा निर्धारित किया था। इसके बाद अनुबंध एवं शिपमेंट की प्रक्रिया आरंभ हो गई।
