चीनी बाजार पर सबका ध्यान केन्द्रित
14-Sep-2026 12:05 PM
नई दिल्ली। अक्टूबर 2026 से औपचारिक तौर पर आरंभ होकर सितम्बर 2027 तक जारी रहने वाले नए मार्केटिंग सीजन के दौरान चीन के वास्तविक उत्पादन एवं बाजार भाव का अनुमान लगाना अभी कठिन है क्योंकि एक तो मौसम एवं मानसून की स्थिति में अनिश्चितता देखी जा रही है और दूसरे, एथनॉल के निर्माण में गन्ना जूस तथा बी हैवी शीरा के उपयोग के सम्बन्ध में सरकार का निर्णय भी अभी तक सामने नहीं आया है।
चीनी उद्योग के लिए 2025-26 का मार्केटिंग सीजन खट्टे मीठे अनुभवों का रहा। शुरुआती दौर में चीनी का घरेलू बाजार भाव नरम रहने से उद्योग को कठिनाई हुई मगर जुलाई-अगस्त में दाम उछलकर नए रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचने से मिलर्स को कुछ राहत मिली। सितम्बर में चीनी का एक्स फैक्टरी मूल्य घटकर पुनः सामान्य स्तर के आसपास आ गया।
चीनी उद्योग के समक्ष अगले मार्केटिंग सीजन में कई चुनौतियां मौजूद रहेंगी। अल नीनो की तीव्रता एवं ताकत बढ़ती जा रही है। सितम्बर में वर्षा कम होने की संभावना है। उद्योग के पास चीनी का स्टॉक घटकर हाल के वर्षों के न्यूनतम स्तर पर सिमटने की संभावना है।
चीनी के निर्यात पर प्रतिबंध लगा हुआ है और एथनॉल निर्माण में गन्ना जूस के इस्तेमाल पर नियंत्रण लागू होने का अंदेशा है। देश भर की 540 चीनी मिलों के साथ-साथ 5 करोड़ गन्ना उत्पादक किसानों के लिए भी 2026-27 सीजन का परिदृश्य अभी अनिश्चित बना हुआ है जबकि चीनी बाजार पर सरकार की गहरी नजर है।
