गेहूं ओपन मार्केट सेल स्कीम (OMSS) 2025-26 और इसका बाज़ारों पर असर

12-Jul-2025 11:06 AM

गेहूं ओपन मार्केट सेल स्कीम (OMSS) 2025-26 और इसका बाज़ारों पर असर
★ खाद्य मंत्रालय ने ओएमएसएस के तहत गेहूं की बिक्री को मंजूरी दी है। इसके तहत गेहूं का आरक्षित मूल्य ₹2,550 प्रति क्विंटल तय किया गया है, जबकि इस सीजन का न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) ₹2,425 प्रति क्विंटल है।
★ पिछले वर्ष ओएमएसएस के तहत गेहूं का आरक्षित मूल्य ₹2,325 प्रति क्विंटल था।
★ कल शाहजहांपुर में गेहूं का भाव ₹2,535/क्विंटल रहा, जबकि आज बुलंदशहर में ₹2,540/क्विंटल पर कारोबार हुआ। बाजार भाव फिलहाल ओएमएसएस के आरक्षित मूल्य से नीचे चल रहे हैं।
★ 1 जुलाई तक एफसीआई के पास लगभग 352 लाख टन गेहूं का भंडार उपलब्ध है, जबकि इस अवधि के लिए बफर आवश्यकता 275.8 लाख टन निर्धारित है।
★ FY25 में एफसीआई ने 30 लाख टन गेहूं और FY24 में रिकॉर्ड 100 लाख टन गेहूं ओएमएसएस के तहत बेचा था।
★ सार्वजनिक वितरण प्रणाली (PDS) के लिए हर महीने लगभग 18 लाख टन गेहूं की आवश्यकता होती है। मार्च 2026 तक PDS की जरूरतों के बाद भी पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध रहने की संभावना है।
★ एफसीआई इस वित्त वर्ष में 40 से 50 लाख टन गेहूं ओएमएसएस के अंतर्गत बेच सकता है, जिसे बाजार की स्थिति के अनुसार समायोजित किया जा सकता है।
★ उदाहरण के तौर पर, बुलंदशहर में आज गेहूं का भाव ₹2,540/क्विंटल है। इसमें स्थानीय परिवहन, समिति शुल्क और अन्य स्थानीय शुल्क जोड़ने पर कुल लागत लगभग ₹2,640/क्विंटल बैठती है।
★ यदि बुलंदशहर में गेहूं ₹2,550 की बिडिंग पर एफसीआई से स्वीकृत होता है, तो मिलर्स के लिए कुल लागत लगभग ₹2,625/क्विंटल हो सकती है।
★ यानी, एफसीआई और मंडी कीमतों में अंतर केवल ₹15/क्विंटल रह जाता है, यदि टेंडर ₹2,550 पर पास होता है।
★ लेकिन यदि टेंडर इससे ऊँचे भाव पर स्वीकृत होते हैं, तो यह बाजार कीमतों को समर्थन दे सकता है।
★ साथ ही, गेहूं पर स्टॉक सीमा (स्टॉक लिमिट) में कोई बदलाव नहीं किया गया है, जो व्यापारियों के लिए स्थिरता का संकेत है।
★ आज दिल्ली गेहूं कल की क्लोजिंग के मुकाबले 5 रुपए बढ़कर 2,765 पर खुला।