मानसूनी वर्षा में भारी कमी के बावजूद जून में उर्वरकों की बिक्री में सीमित गिरावट
21-Jul-2026 06:14 PM
नई दिल्ली। हालांकि जून 2026 में राष्ट्रीय स्तर पर दीर्घकालीन औसत की तुलना में दक्षिण-पश्चिम मानसून की बारिश में 37 प्रतिशत की जोरदार गिरावट दर्ज की गई लेकिन रासायनिक उर्वरकों की बिक्री में ज्यादा कमी नहीं देखी गई। यूरिया डीएपी तथा एमओपी जैसे उर्वरकों की खरीद में किसानों की दिलचस्पी काफी हद तक बरकरार रही। जून में खरीफ फसलों का रकबा भी गत वर्ष से 21 प्रतिशत पीछे रहा।
कृषि विशेषज्ञों के अनुसार ऐसा प्रतीत होता है कि किसानों को आगामी समय में अच्छी बारिश होने का भरोसा था इसलिए उन्होंने उर्वरकों की खरीद जारी रखी। जुलाई में यह भरोसा काफी हद तक कारगर भी साबित हो रहा है। पहले शुरुआती 10 दिनों में मानसून की अच्छी बारिश हुई और फिर एक सप्ताह के गैप के बाद मानसून दोबारा सक्रिय हो गया।
आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार जून 2026 के दौरान देशभर में करीब 33.30 लाख टन यूरिया की बिक्री हुई जो जून 2025 की बिक्री से 2.63 प्रतिशत कम रही। इसी तरह डीएपी की बिक्री भी 1.22 प्रतिशत गिरकर 8.10 लाख टन पर अटक गई। लेकिन मुरियट ऑफ पोटाश (एमओपी) की बिक्री 19.05 प्रतिशत घटकर 1.70 लाख टन के करीब रह गई। सरकार का दावा है कि देश में रासायनिक उर्वरकों का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है जबकि उत्पादन एवं आयात भी जारी है।
