मध्य प्रदेश में 17 हजार गांठ कपास की सरकारी खरीद

13-Nov-2025 12:42 PM

भोपाल। मध्य प्रदेश में किसानों से कपास की सरकारी खरीद आरंभ हो गई है। प्राप्त जानकारी के अनुसार केन्द्रीय कपडा मंत्रालय की अधीनस्थ एजेंसी- भारतीय कपास निगम (एफसीआई) द्वारा राज्य के उत्पादकों से न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर अब तक करीब 17 हजार गांठ (170 किलो की प्रत्येक गांठ) कपास की खरीद की जा चुकी है। 

उल्लेखनीय है कि 2024-25 के सम्पूर्ण मार्केटिंग सीजन (अक्टूबर-सितम्बर) के दौरान निगम द्वारा मध्य प्रदेश में कुल मिलाकर करीब 19.35 लाख क्विंटल, कपास की खरीद की गई थी।

वर्तमान मार्केटिंग सीजन वहां 24 अक्टूबर से औपचारिक तौर पर आरंभ हुआ और उसके बाद सीसीआई ने किसानों से कपास खरीदना शुरू कर दिया क्योंकि इसका थोक मंडी भाव सरकारी समर्थन मूल्य से काफी नीचे आ गया था।

कपास की खरीद के लिए निगम द्वारा अनेक महत्वपूर्ण स्थानों पर क्रय केन्द्र स्थापित किए गए है जिसमें खरगौन, धामनोद, बड़वाहा एवं खंडवा आदि शामिल हैं। वर्तमान समय में मध्य प्रदेश में कपास की आसान एवं निर्बाध खरीद के लिए कुल 20 क्रय केन्द्र क्रियाशील हैं। 

सीसीआई के वरिष्ठ अधिकारियों का कहना है कि 12 नवम्बर तक मध्य प्रदेश में 17,068 गांठ कपास की खरीद की गई जबकि आगामी दिनों में क्रय केन्द्रों पर कपास की आवक की गति तेज होने की उम्मीद है।

फिलहाल कपास में नमी का अंश ऊंचा देखा जा रहा है मगर अब आगे कम नमी युक्त माल के आने की संभावना है। निगम केवल 8 प्रतिशत तक नमी वाली कपास को ही स्वीकार कर रहा है। 

मध्य प्रदेश में कपास की खेती मुख्यतः खरगौन, खंडवा, बड़वानी, मनावर, रतलाम, धार एवं देवास जैसे जिलों में होती है जबकि कुछ अन्य जिलों में भी इसका  थोड़ा-बहुत उत्पादन होता है।

निगम का कहना है कि जो किसान न्यूनतम समर्थन मूल्य अब भी कपास को बेचने के इच्छुक हैं उन्हें रायतु सेवा केन्द्र पर पीएमएम के माध्यम से ग्रामीण कृषि सहायकों के जरिए अपने विवरण का रजिस्ट्रेशन करवाना चाहिए।