पश्चिमी, मध्यवर्ती एवं दक्षिणी राज्यों के बांधों में जल स्तर बढ़ा
21-Aug-2025 12:33 PM
नई दिल्ली। केन्द्रीय जल आयोग की रिपोर्ट से पता चलता है कि पिछले सप्ताह देश के पश्चिमी, मध्यवर्ती एवं दक्षिणी राज्यों में अच्छी बारिश होने से बांधों - जलाशयों में पानी का स्तर बढ़ गया। पश्चिमी क्षेत्र के 50 जलाशयों में पानी का स्टॉक बढ़कर 22.782 बिलियन क्यूबिक मीटर (बीसीएम) पर पहुंच गया जो उसकी कुल भंडारण क्षमता 28.397 बीसीएम का 76 प्रतिशत था।
इसके तहत गोवा का एक मात्र जलाशय पानी से पूरा भरा हुआ है जबकि महाराष्ट्र के बांधों में 78 प्रतिशत एवं गुजरात के जलाशयों में 63 प्रतिशत पानी का भंडार मौजूद है।
चूंकि महाराष्ट्र के अधिकांश भागों में पिछले कुछ दिनों के दौरान अत्यन्त मूसलाधार बारिश हुई है इसलिए वहां बांधों में जल स्तर और भी बढ़ने की उम्मीद है।
आयोग की रिपोर्ट के मुताबिक देश के मध्यवर्ती क्षेत्र में 28 जलाशय है जिसमें 36.015 बीसीएम पानी का स्टॉक उपलब्ध है जो उसकी कुल भंडारण क्षमता 48.588 बीसीएम का 74.12 प्रतिशत है।
मध्य प्रदेश के जलाशयों में 76 प्रतिशत उत्तर प्रदेश के बांधों में 73 प्रतिशत तथा छत्तीसगढ़ के जलाशयों में 72 प्रतिशत पानी का भंडार मौजूद है। उत्तराखंड के जलाशयों में पानी का स्तर सुधरकर 66 प्रतिशत पर पहुंच गया है।
दक्षिण भारत के 45 जलाशयों में पानी का स्तर बढ़कर 43.958 बीसीएम हो गया है जो उसकी कुल भंडारण क्षमता 54.939 बीसीएम का 80 प्रतिशत है। वहां भी मानसून काफी सक्रिय रहा है।
तमिलनाडु के जलाशय पानी से 95 प्रतिशत तक भरे हुए हैं जबकि कर्नाटक के बांधों में भंडारण क्षमता के सापेक्ष 84 प्रतिशत, आंध्र प्रदेश में 78 प्रतिशत, केरल में 72 प्रतिशत और तेलंगाना में 55 प्रतिशत पानी का स्टॉक मौजूद है। इससे आगामी रबी सीजन में फसलों की सिंचाई के लिए अधिक मात्रा में पानी प्राप्त होने की उम्मीद है।
