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28-Oct-2026 05:25 PM
नई दिल्ली। खरीफ सीजन में धान, मक्का, मूंग एवं अरंडी आदि के रकबे में गिरावट आने के बाद रबी सीजन पर सबकी उम्मीद टिकी हुई है लेकिन यहां भी हालत उत्साहवर्धक नहीं है। दक्षिण-पश्चिम मानसून की वर्षा में गिरावट आने तथा अल नीनो मौसम चक्र की सक्रियता बरकरार रहने से देश के अनेक प्रांतों में रबी फसलों की जोरदार बिजाई के लिए मजबूत आधार तैयार नहीं है इसलिए इसका रकबा गत वर्ष से काफी पिछड़ रहा है।
पंजाब, हरियाणा एवं उत्तर प्रदेश में खरीफ फसलों और खासकर धान की जोरदार कटाई तैयारी हो रही है मगर रबी फसलों और विशेषकर गेहूं की बोआई की गति बहुत धीमी है।
बारिश की कमी के चलते अनेक राज्यों में खेतों की मिटटी में नमी का पर्याप्त अंश मौजूद नहीं है। इसमें महाराष्ट्र, कर्नाटक, उत्तर प्रदेश, गुजरात एवं राजस्थान जैसे प्रांतों के कई जिले शामिल हैं। तेलंगाना में भी बारिश का अभाव देखा जा रहा है।
मानसूनी बारिश के असमान वितरण की वजह से यह स्थिति उत्पन्न हुई है। देर-स्वेर बिजाई की गति तेज तो होगी मगर लेट से खेती होने पर फसलों की उपज दर पर संदेह बना रहेगा। अल नीनो की वजह से वर्षा का अभाव होने तथा तापमान ऊंचा रहने का अनुमान है।