साप्ताहिक समीक्षा-धनिया
26-Apr-2025 07:59 PM
धनिया कीमतों में गिरावट : अभी तेजी की संभावना नहीं
नई दिल्ली। चालू सप्ताह के दौरान धनिया की कीमतों में गिरावट रही। वर्तमान हालात को देखते हुए अभी हाल-फिलहाल तेजी की संभावन नहीं है लेकिन सूत्रों का मानना है कि अब धनिया के गिरते भाव रुकने चाहिए क्योंकि भाव काफी घट गए हैं। इसके अलावा आगामी दिनों में मंडियों में धनिया की आवक भी घटनी शुरू हो जाएगी। क्योंकि नए मालों की आवक का दबाव कम होने लगा है। चालू सप्ताह के दौरान हाजिर के साथ-साथ वायदा बाजार में भी भाव मंदे रहे। वायदा में मई का भाव 7622 रुपए खुलने के पश्चात सप्ताह के अंत में 7424 रुपए पर बंद हुआ है जबकि जून का भाव 7704 रुपए खुला था जोकि सप्ताह के अंत में 7500 रुपए पर बंद हुआ।
चालू सीजन के दौरान बिजाई कम रहने के बावजूद उत्पादन संतोषजनक रहने के समाचार है। क्योंकि बिजाई के पश्चात मौसम फसल के अनुकूल रहा जिस कारण से प्रति हेक्टेयर उत्पादकता में वृद्धि हुई। उल्लेखनीय है कि चालू सीजन के लिए प्रमुख उत्पादक राज्य गुजरात, मध्य प्रदेश, राजस्थान में धनिया बिजाई का क्षेत्रफल 3.37 लाख हेक्टेयर का रहा था जबकि गत वर्ष बिजाई 364 लाख हेक्टेयर पर की गई थी। बिजाई कम रहने के कारण पैदावार में गिरावट आने के अनुमान लगाए जा रहे हैं। सूत्रों का कहना है कि चालू सीजन के दौरान देश में धनिया का उत्पादन 1 करोड़ बोरी से अधिक रहेगा। जबकि गत वर्ष पैदावार 1.10 करोड़ बोरी एवं वर्ष 2023 में पैदावार 1.50/1.60 करोड़ बोरी की रही थी।
अभी तक आवक
उत्पादक केन्द्रों के व्यापारियों के अनुसार प्रमुख उत्पादक राज्य गुजरात में अभी तक धनिया की आवक 30/32 लाख बोरी की हो गई है जबकि कुल उत्पादन 40/42 लाख बोरी होने के अनुमान लगाए जा रहे हैं। मध्य प्रदेश की मंडियों में कुल आवक 20/22 लाख बोरी होने के समाचार है जबकि कुल उत्पादन 45/48 लाख बोरी का माना जा रहा है। राजस्थान की मंडियों में अभी तक धनिया की कुल आवक 9/10 लाख बोरी होने की संभावना है जबकि राजस्थान में इस वर्ष धनिया उत्पादन 14/15 लाख बोरी माना जा रहा है।
मन्दा तेजी
वायदा के मंदे समाचारों एवं हाजिर में कमजोर मांग के चलते चालू सप्ताह के दौरान धनिया की कीमतों में 150/200 रुपए प्रति क्विंटल की गिरावट दर्ज की गई है और मंडियों में धनिया ईगल का भाव घटकर 6700/7000 रुपए एवं बादामी का भाव 6300/6700 रुपए प्रति क्विंटल पर आ गया है। मगर सूत्रों का कहना है कि अब धनिया की गिरती कीमतें रुकनी चाहिए लेकिन अभी हाल-फिलहाल कीमतों में तेजी की संभावना नहीं है। सूत्रों का मानना है कि आगामी एक पखवाड़े तक बाजार 100/200 रुपए मंदा तेजी के साथ चलते रहेंगे। 15 मई के पश्चात कीमतों में सुधार संभव है। क्योंकि मंडियों में आवक घटने लगेगी। हालांकि गुजरात एवं राजस्थान की मंडियों में आवक घट रही है लेकिन मध्य प्रदेश की मंडियों में अभी आवक अच्छी रहने के संकेत मिल रहे हैं। व्यापारियों का कहना है कि चालू सीजन के दौरान पैदावार कम रहने के साथ-साथ स्टॉक भी गत वर्ष की तुलना में कम रहने के समाचार है। गत वर्ष नए मालों की आवक के समय केन्द्रों पर धनिया का स्टॉक 65/70 लाख बोरी का माना गया था जोकि इस वर्ष 35/40 लाख बोरी का माना जा रहा है। बकाया स्टॉक एवं नई पैदावार को मिलाकर चालू सीजन के लिए धनिया की कुल उपलब्धता लगभग 1.40 करोड़ बोरी की रहेगी। जबकि लोकल मांग एवं निर्यात को मिलाकर 1.50/1.60 करोड़ बोरी की आवश्यकता होती है। अतः आगामी दिनों में धनिया की कीमतों में तेजी रहने की संभावना है।
निर्यात कम
चालू वित्त वर्ष 2024-25 के प्रथम नौ माह में धनिया निर्यात में लगभग 50 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई है। मसाला बोर्ड द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार अप्रैल-दिसम्बर 2024 के दौरान धनिया का निर्यात 43609 टन का हुआ है और निर्यात से प्राप्त आय 45870 करोड़ रुपए की रही। जबकि अप्रैल-दिसम्बर 2023 के निर्यात 87531 टन का रहा था और निर्यात से प्राप्त आय 75089 लाख रुपए की रही थी। निर्यातक गिरावट के कारण आय में भी 39 प्रतिशत की कमी रही।
