ससकैच्वान में केवल 55 प्रतिशत कृषि क्षेत्र में पर्याप्त नमी मौजूद

14-Jul-2025 02:00 PM

सस्काटून। साप्ताहिक आधार पर बारिश का आभाव रहने तथा मौसम गर्म एवं शुष्क होने से कनाडा के सबसे प्रमुख कृषि उत्पादक प्रान्त  में अनेक इलाको में खेतो की मिट्टी में नमी की भारी कमी देखी जा रही है। कृषि विभाग के अनुसार प्रांतीय स्तर पर 55 प्रतिशत कृषि क्षेत्र में नमी का पर्याप्त अंश मौजूद है जबकि 33 प्रतिशत भाग में नमी सामान्य स्तर से कम तथा शेष 12 प्रतिशत क्षेत्र में बहुत कम है। दरअसल ये 12 प्रतिशत कृषि क्षेत्र भयंकर सूखे के संकट का सामना कर रहे है जबकि कम नमी वाले 33 प्रतिशत क्षेत्र के तहत भी कई इलाको में फसलों को जोरदार बारिश की आवश्यकता है। 

जिन इलाको में कृषि फसलों की अगैती बिजाई हुई थी वहां पौधों में फूल एवं दाना कटाने की प्रक्रिया आरम्भ हो चुकी है और ऐसे समय में यदि मौसम शुष्क एवं गर्म बना रहा तो फसल के विकास में बाधा पड़ने तथा औसत उपज दर में गिरावट आने की आशंका बढ़ जायगी। कृषि विशेषज्ञों के अनुसार कुछ इलाको में 1-7 जुलाई वाले सप्ताह के दौरान थोड़ी-बहुत वर्षा हुई जिससे फसलों की हालत काफी सुधर गई लेकिन अन्य भागो में मौसम शुष्क बना रहा। इससे पौधों का विकास अवरुद्ध होने लगा है। 

ससकैच्वान प्रान्त में गेहूं, कैनोला एवं मसूर-मटर का सर्वाधिक उत्पादन होता है वहां अप्रैल से ही फसलों की बिजाई आरम्भ हो गई थी जो जून में समाप्त हो गई। नई फसल की कटाई-तैयारी मध्य अगस्त से आरम्भ होने की संभावना है जिससे बाजार में इन उत्पादों की आपूर्ति एवं उपलब्धता बढ जाएगी। कनाडा से उपरोक्त कृषि उत्पादों का सर्वाधिक निर्यात ससकैच्वान प्रान्त से ही किया जाता है। 

राज्य के विभिन्न भागो में मौसम एवं वर्षा के अनुरूप फसलों की हालत अलग-अलग देखी जा रही है। अनेक क्षेत्रो में बारिश अनियमित एवं अनिश्चित रही। चालू माह का मौसम इन फसलों के लिए निर्यातक साबित हो सकता है। वर्षा पर आश्रित क्षेत्रो में किसान काफी चिंतित और परेशान है सूखाग्रस्त इलाको में तत्काल भारी बारिश की आवश्यकता है ताकि फसलों की हालत में सुधार हो सके। कुछ इलाको में फसलों पर कीड़ो-रोगो का प्रकोप फैलने की सूचना मिल रही है।