सोयाबीन एवं मूंगफली की कीमतों में दिसम्बर तक रहा उतार-चढ़ाव
13-Jan-2026 06:49 PM
नई दिल्ली। 2025-26 के खरीफ मार्केटिंग सीजन के आरंभिक तीन महीने के दौरान घरेलू मंडियों में सोयाबीन का औसत भाव न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) से काफी नीचे रहा जबकि मूंगफली की कीमतों में उतार-चढ़ाव देखा गया।
सरकारी आंकड़ों के अनुसार चालू मार्केटिंग सीजन के लिए सोयाबीन का एमएसपी 5328 रुपए प्रति क्विंटल निर्धारित किया गया है
जबकि अक्टूबर-दिसम्बर 2025 की तिमाही में अखिल भारतीय स्तर पर इसका औसत भारित मूल्य उससे 21 प्रतिशत नीचे यानी 4197 रुपए प्रति क्विंटल दर्ज किया गया। उसी तरह मूंगफली का औसत भारित मूल्य 5583 रुपए प्रति क्विंटल रहा जो एमएसपी से 23 प्रतिशत नीचे था।
समीक्षाधीन तिमाही के दौरान सोयाबीन का सबसे कम औसत भारित मूल्य 4186 रुपए प्रति क्विंटल महाराष्ट्र में देखा गया।
हालांकि मूंगफली का औसत मूल्य अक्टूबर-दिसम्बर 2024 की तुलना में अक्टूबर-दिसम्बर 2025 के दौरान ऊंचा रहा लेकिन हरियाणा में यह घटकर 4821 रुपए प्रति क्विंटल रह गया जो अन्य उत्पादक राज्यों से काफी नीचे था। उत्तर प्रदेश की मंडियों में भी मूंगफली के औसत मूल्य में कमी दर्ज की गई।
बाद में जब महाराष्ट्र तथा राजस्थान में किसानों से न्यूनतम समर्थन मूल्य पर सोयाबीन की जोरदार खरीद आरंभ हुई तब इस महत्वपूर्ण तिलहन के थोक मंडी भाव में तेजी आने लगी। इसका असर मध्य प्रदेश पर भी पड़ा जहां भावान्तर भुगतान योजना लागू है। वहां भी सोयाबीन के दाम में काफी सुधार आ गया।
गुजरात में मूंगफली की सरकारी खरीद जोर पकड़ने तथा घरेलू एवं निर्यात मांग मजबूत रहने से अब मूंगफली के दाम में काफी सुधार आ गया है। राजकोट में यह एमएसपी से ऊपर चल रहा है।
