भारत और पाकिस्तान की जोरदार खरीद से ऑस्ट्रेलिआई चना के निर्यात में भारी वृद्धि

11-Dec-2025 05:59 PM

ब्रिसबेन। पाकिस्तान और भारत की जोरदार खरीद के कारण अक्टूबर में ऑस्ट्रेलिया से चना का निर्यात तेजी से उछलकर 1.19 लाख टन पर पहुंच गया जो सितम्बर के शिपमेंट 27 हजार टन से करीब चार गुणा अधिक रहा। इससे पूर्व वहां अगस्त में महज 15 हजार टन चना बाहर भेजा गया था। अगस्त-अक्टूबर 2025 की तिमाही के दौरान ऑस्ट्रेलिया से कुल 1.61 लाख टन चना का निर्यात हुआ। 

सरकारी एजेंसी- ऑस्ट्रेलिया सांख्यिकी ब्यूरो (एबीएस) की रिपोर्ट के अनुसार भारत ने अगस्त तथा सितम्बर में ऑस्ट्रेलिया से चना नहीं मंगाया लेकिन अक्टूबर में 40,641 टन का भारी आयात किया।

पाकिस्तान में ऑस्ट्रेलियाई चना का निर्यात निरन्तर जारी है। इसकी मात्रा अगस्त में 7765 टन तथा अक्टूबर में 13,589 टन रही थी जो अक्टूबर में लगभग 4 गुना बढ़कर 52,928 टन पर पहुंच गई।

इस तरह अगस्त अक्टूबर की तिमाही में पाकिस्तान द्वारा ऑस्ट्रेलिया से कुल 74,285 टन चना मंगाया गया और वह इसका बड़ा खरीदार बन गया।

इसके अलावा समीक्षाधीन तिमाही के दौरान ऑस्ट्रेलिया से बांग्ला देश को 23,563 टन, नेपाल को 6600 टन और संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) को 8050 टन चना का शिपमेंट किया गया। 

व्यापार विश्लेषकों का कहना है कि अगस्त-सितम्बर के मुकाबले अक्टूबर 2025 में ऑस्ट्रेलिया से चना के निर्यात में जोरदार बढ़ोत्तरी होने से स्पष्ट संकेत मिलता है कि क्वींसलैंड प्रान्त के मध्यवर्ती एवं उत्तरी भाग में नई फसल की जोरदार कटाई-तैयारी आरंभ हो गई और टाउन्सविले बंदरगाह से 38,500 टन चना का बल्क कार्गो भी भारत और पाकिस्तान के लिए रवाना हो गया।

नवम्बर एवं दिसम्बर के दौरान भी चना के निर्यात में शानदार बढ़ोत्तरी होने का अनुमान है जबकि पिछले साल की तुलना में इसका भाव काफी घट सकता है। 

समझा जाता है कि मुस्लिम बहुल देशों में आगामी समय के दौरान चना में रमजान की जोरदार मांग निकल सकती है जबकि ऑस्ट्रेलियाई उत्पाद का निर्यात ऑफर मूल्य भी प्रतिस्पर्धी स्तर पर चल रहा है।

ऑस्ट्रेलिया में चना का उत्पादन गत वर्ष से कुछ कम होने के बावजूद काफी ऊंचे स्तर पर आंका गया है जिससे उसे आयातक देशों की मांग को पूरा करने में कोई खास कठिनाई नहीं होगी। वहां मुख्यतः देसी चना का उत्पादन होता है।