गेहूं की सरकारी खरीद 17 प्रतिशत बढ़कर 350 लाख टन से ऊपर पहुंची
04-Jun-2026 05:00 PM
नई दिल्ली। केन्द्रीय खाद्य मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारियों का कहना है कि गेहूं की सरकारी खरीद गत वर्ष के 300 लाख टन से करीब 17 प्रतिशत बढ़कर इस बार 350 लाख टन से ऊपर पहुंच गई है जो खरीद के लिए संशोधित लक्ष्य 346 लाख टन से भी ज्यादा है।
अब पंजाब-हरियाणा जैसे राज्यों में गेहूं की खरीद बंद हो चुकी है मगर कुछ अन्य राज्यों में इसकी प्रक्रिया अभी जारी है।आधिकारिक सूत्रों के अनुसार 2025-26 के रबी सीजन में गेहूं का घरेलू उत्पादन बढ़कर 1206.5 लाख टन के सर्वकालीन सर्वोच्च स्तर पर पहुंच जाने का अनुमान है।
मंडियों में इसका भाव घटकर न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) से नीचे आने के कारण भारतीय खाद्य निगम (एफसीआई) तथा उसकी सहयोगी प्रांतीय एजेंसियों को किसानों से विशाल मात्रा में इस महत्वपूर्ण खाद्यान्न की खरीद करनी पड़ी है।
बेमौसमी वर्षा एवं अन्य प्राकृतिक आपदाओं के कारण पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश एवं राजस्थान जैसे प्रांतों में इस बार गेहूं की क्वालिटी खराब हो गई और इसकी खरीद भी सरकार द्वारा की गई।
चालू वर्ष के दौरान मोटे तौर पर पंजाब में 121 लाख टन, मध्य प्रदेश में 104 लाख टन, हरियाणा में 81 लाख टन, राजस्थान में 24 लाख टन तथा उत्तर प्रदेश में 17 लाख टन गेहूं केन्द्रीय पूल के लिए खरीदा जा चुका है। खाद्य मंत्रालय ने पहले 303 लाख टन, फिर 345 लाख टन और बाद में 346 लाख टन जून की खरीद का लक्ष्य निर्धारित किया था।
