मुनाफावसूली बिकवाली से धनिया के भाव घटे

10-Apr-2026 06:53 PM

नई दिल्ली। चालू सप्ताह के दौरान धनिया की कीमतों में गिरावट रही। उल्लेखनीय है गत दिनों धनिया की कीमतों में रिकॉर्ड तेजी आने के कारण बाजार में मुनाफावसूली बिकवाली बढ़ गई जबकि ऊंचे भावों पर लोकल एवं निर्यात मांग प्रभावित रही। जिस कारण वायदा एवं हाजिर बाजारों में धनिया के भाव मंदे के साथ बोले गए।

रिकॉर्ड भाव 

मार्च क्लोजिंग के कारण गत दिनों अधिकांश मंडियों में अवकाश होने के कारण मंडियों में धनिया की आवक नहीं हो रही थी जिस कारण से वायदा में लगातार तेजी बनी रही और जो मंडियां चालू थी उनमें भी धनिया ईगल के भाव 125/130 रुपए का रिकॉर्ड स्तर छू गई जबकि बादामी का भाव 115/122 रुपए तक बोला जाने लगा था। लेकिन चालू सप्ताह के दौरान सभी मंडियों में सुचारु रूप से व्यापार होने के कारण आवक का दबाव बना रहा और भावों में भी 4/5 रुपए प्रति किलो का मन्दा दर्ज किया गया और वर्तमान में मंडियों में ईगल क्वालिटी का भाव 120/125 रुपए एवं बादामी का भाव 116/118 रुपए प्रति किलो पर बोला जाने लगा है। 

आवक 

चालू सप्ताह के दौरान गुजरात की प्रमुख मंडी गोंडल में धनिया की साप्ताहिक आवक लगभग सवा लाख बोरी की रही। जबकि राजकोट में 13/14 हजार बोरी की दैनिक आवक हो रही है। जबकि राजस्थान की कोटा एवं बारां मंडी में अवकाश रहा। मध्य प्रदेश की मंडियों में भी आवक अच्छी रही। गुना मंडी में दैनिक आवक 38/40 हजार बोरी एवं कुम्भराज 20/22 हजार बोरी की चल रही है। अशोकनगर में भी आवक 18/20 हजार बोरी की होने लगी है। 

अधिक मन्दा नहीं 

सूत्रों का मानना है कि धनिया की कीमतों में अधिक मन्दा नहीं है। क्योंकि खपत की तुलना में धनिया की कुल उपलब्धता कम रहेगी। जिस कारण से आगामी दिनों में धनिया के भाव मजबूत रहने के अनुमान लगाए जा रहे है। सूत्रों का कहना है कि चालू माह के दौरान मध्य प्रदेश की मंडियों में आवक अच्छी रहेगी। जबकि गुजरात एवं राजस्थान की मंडियों में आवक घटनी शुरू हो जाएगी।

निर्यात 

चालू वित्त वर्ष 2025-26 के प्रथम 10 माह अप्रैल-जनवरी- 2026 के दौरान धनिया का निर्यात 52006 टन का किया गया और निर्यात से प्राप्त आय 570.29 करोड़ की रही। जबकि अप्रैल-जनवरी- 2025 में धनिया का निर्यात 49396 टन का हुआ था और प्राप्त आय 520.21 करोड़ की रही। वर्ष 2024-25 में धनिया का कुल निर्यात 60330 टन का रहा था। जबकि 2023-24 में निर्यात 108624 टन का रहा था।