रिकॉर्ड उत्पादन के साथ ऑस्ट्रेलिया से मसूर के निर्यात में भारी वृद्धि के आसार

11-Dec-2025 07:35 PM

एडिलेड। ऑस्ट्रेलिया में 2025-26 सीजन के दौरान मसूर का उत्पादन 2024-25 सीजन की तुलना में 50 प्रतिशत से अधिक बढ़कर नए रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच जाने का अनुमान लगाया गया है। उधर कनाडा में भी इसका उत्पादन 38 प्रतिशत की जोरदार वृद्धि के साथ 33.60 लाख टन की ऊंचाई पर पहुंचने की संभावना व्यक्त की गई है।

इसके फलस्वरूप वैश्विक बाजार में मसूर की आपूर्ति एवं उपलब्धता की स्थिति सुगम रहने की उम्मीद है जिससे कीमतों पर दबाव बरकरार रह सकता है। रूस और कजाकिस्तान में भी उत्पादन बढ़ा है। 

भारत में मसूर के आयात पर सीमा शुल्क को 10 प्रतिशत के मौजूदा स्तर से बढ़ाकर 30 प्रतिशत निर्धारित करने की चर्चा पिछले महीने काफी जोर शोर से हो रही थी मगर अभी तक सरकार ने इस आशय का कोई संकेत नहीं दिया है।

व्यापार विश्लेषकों का कहना है कि यदि सीमा शुल्क में बढ़ोत्तरी हुई तो मसूर के आयात पर तो ज्यादा असर नहीं पड़ेगा लेकिन घरेलू बाजार भाव कुछ ऊंचा और मजबूत हो सकता है। 

ऑस्ट्रेलियाई संख्यिकी ब्यूरो (एबीएस) की रिपोर्ट के अनुसार अगस्त से अक्टूबर 2025 की तिमाही के दौरान ऑस्ट्रेलिया से कुल मिलाकर 1.65 लाख टन मसूर का निर्यात हुआ।

इसके तहत अगस्त में केवल 17 हजार टन का शिपमेंट किया गया था जो सितम्बर में उछलकर 75 हजार टन से ऊपर पहुंचने के बाद अक्टूबर में गिरकर 13 हजार टन से भी नीचे आ गया। 

अक्टूबर 2025 के दौरान ऑस्ट्रेलिया से पाकिस्तान को 22,529 टन, बांग्ला देश को 22,500 टन तथा भारत को 17,105 टन मसूर का निर्यात किया गया।

इसके अलावा श्रीलंका, नेपाल और मिस्र सहित कुछ अन्य देशों को भी इसका शिपमेंट हुआ। जहां तक अगस्त-अक्टूबर की तिमाही का सवाल है तो इस अवधि में भारत 56 हजार टन की खरीद के साथ ऑस्ट्रेलियाई मसूर का सबसे प्रमुख आयातक देश रहा

जबकि इस अवधि में ऑस्ट्रेलिया से बांग्ला देश को 39,632 टन, श्रीलंका को 27,282 टन, पाकिस्तान को 26,426 टन, नेपाल को 7153 टन तथा मिस्र को 5581 टन मसूर का शिपमेंट किया गया।