सोना-चांदी पर आयात शुल्क में भारी बढ़ोत्तरी
13-May-2026 05:26 PM
नई दिल्ली। बहुमूल्य विदेशी मुद्रा की तेज निकासी को नियंत्रित करने के उद्देश्य से प्रधानमंत्री ने पिछले दिनों खाद्य तेलों की खपत घटाने, पेट्रोल-डीजल के उपयोग में संयम बरतने तथा स्थिति सामान्य होने तक लोगों से सोना-चांदी की खरीदारी अनावश्यक रूप से नहीं करने की अपील की थी। इसके बाद से ही कयास लगाया जा रहा था कि सरकार इन वस्तुओं की खरीदारी से लोगों को हतोत्साहित करने के लिए कोई एहतियाती कदम उठाएगी। सोना-चांदी पर आयात शुल्क में वृद्धि के रूप में यह सामने आ गया।
सोना-चांदी पर पहले 5 प्रतिशत का बुनियादी आयात शुल्क तथा 1 प्रतिशत का कृषि ढांचा एवं विकास सेस के साथ कुल 6 प्रतिशत का सीमा शुल्क लगा हुआ था। अब सरकार ने बुनियादी आयात शुल्क को बढ़ाकर 10 प्रतिशत एवं कृषि ढांचा विकास सेस को बढ़ाकर 5 प्रतिशत नियत कर दिया है जिससे कुल सीमा शुल्क 6 प्रतिशत से बढ़कर 15 प्रतिशत हो गया है। इस शुल्क वृद्धि को तत्काल प्रभाव से लागू भी कर दिया गया है।
पश्चिम एशिया में जारी संकट तथा वैश्विक बाजार मूल्य में हुई बढ़ोत्तरी के कारण खाद्य तेलों का आयात काफी महंगा हो गया है। एक अग्रणी उद्योग संगठन द्वारा सरकार से किराया भाड़ा सब्सिडी देने की मांग की जा रही है ताकि खाद्य तेलों के घरेलू बाजार भाव को स्थिर रखा जा सके। लेकिन प्रधानमंत्री चाहते हैं कि देश में खाद्य तेलों की खपत घटे। इससे दुविधा की स्थिति उत्पन्न हो गई है। खाद्य तेलों का घरेलू बाजार भाव पहले से ही काफी ऊंचे स्तर पर चल रहा है।
