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26-Oct-2026 11:31 AM
नई दिल्ली। हालांकि एथनॉल उत्पादन में गन्ना अवयवों के इस्तेमाल पर रोक लगने से मक्का की मांग एवं खपत के साथ कीमत भी बढ़ने की उम्मीद की जा रही थी लेकिन सरकार द्वारा मक्का से निर्मित एथनॉल के खरीद मूल्य में 3 रुपए प्रति लीटर की कटौती किए जाने से डिस्टीलर्स ऊंचे दाम पर इस महत्वपूर्ण मोटे अनाज की लिवाली में ज्यादा दिलचस्पी नहीं लेंगे।
मक्का के घरेलू उत्पादन में गिरावट आने की संभावना है क्योंकि महाराष्ट्र एवं कर्नाटक जैसे महत्वपूर्ण उत्पादक राज्यों में न केवल इसके बिजाई क्षेत्र में कमी आई है बल्कि कम बारिश एवं सूखे की वजह से फसल की औसत उपज दर भी घटने की आशंका है।
खरीफ कालीन मक्का के नए माल की आवक शुरू हो गई है और अगले महीने से इसकी रफ्तार तेज हो जाएगी। रबी कालीन मक्का की बिजाई का समय भी शुरू हो गया है। पॉल्ट्री फीड, पशु आहार एवं स्टार्च निर्माण उद्योग में मक्का की समान खपत जारी रहने की उम्मीद है जिससे कीमत मजबूत रह सकती है।