News Capsule/न्यूज कैप्सूल: NAFED के पूर्व अतिरिक्त एमडी सुनील कुमार सिंह ने एक मीडिया चैनल से बातचीत में मौजूदा हालात पर महत्वपूर्ण बातें कहीं:

24-Apr-2026 02:23 PM

News Capsule/न्यूज कैप्सूल: NAFED के पूर्व अतिरिक्त एमडी सुनील कुमार सिंह ने एक मीडिया चैनल से बातचीत में मौजूदा हालात पर महत्वपूर्ण बातें कहीं:
★ युद्ध के कारण वैश्विक स्थिति ठीक नहीं है। भारतीय रुपया डॉलर के मुकाबले कमजोर होकर लगभग 95 तक आया था, और यदि युद्ध लंबा चलता है तो इसमें और कमजोरी आ सकती है।
★ रुपये की कमजोरी से आयात महंगा होगा, जिससे आयात लागत बढ़ेगी और कुछ मामलों में आयात बढ़ भी सकता है।
★ यदि El Niño सक्रिय होता है, तो कृषि क्षेत्र में चुनौतियां बढ़ सकती हैं।
★ सरकार किसानों के लिए खाद और बीज की पर्याप्त व्यवस्था कर चुकी है।
★ देश में अधिकांश दलहन की खेती वर्षा आधारित क्षेत्रों में होती है, इसलिए यदि किसान को सिंचाई के लिए बिजली या डीजल पंप का उपयोग करना पड़े, तो खेती की लागत बढ़ सकती है।
★ 2014-15 में जब दलहन उत्पादन कम हुआ था, तब NAFED और सरकार ने मिलकर बफर स्टॉक बनाना शुरू किया था, जिससे उपभोक्ताओं को राहत मिली थी।
★ वर्तमान में NAFED और NCCF ने अब तक लगभग 15 लाख टन दलहन की खरीद की है, और कुल बफर स्टॉक लगभग 40 लाख टन है।
★ यदि स्थिति बिगड़ती है, तो इस बफर स्टॉक का उपयोग किया जाएगा।
★ उनका कहना है कि 2014-15 और 2015-16 जैसी स्थिति इस बार बनने की संभावना कम है, क्योंकि सरकार इस बार ज्यादा सक्रिय है।
★ अगर El Niño की सक्रियता अधिक रहती है तो इसका असर लंबी अवधि के बाद पड़ सकता है। 
★ यदि बारिश के पैटर्न में बदलाव आता है या युद्ध लंबा चलता है या रुपया कमज़ोर पड़ता है या यूरिया जैसी इनपुट सप्लाई प्रभावित होती है, तो मौजूदा स्तर से दलहनों के में हल्की तेजी देखी जा सकती है।