पिछले 5 वर्षों से तुवर के उत्पादन में गिरावट जारी, 2024-25 सीजन में उत्पादन बढ़ा

12-Nov-2024 09:20 AM

पिछले 5 वर्षों से तुवर के उत्पादन में गिरावट जारी, 2024-25 सीजन में उत्पादन बढ़ा
तुवर सरकारी उत्पादन अनुमान 
वर्ष: उत्पादन (लाख टन में)
खरीफ 2020-43.2
खरीफ 2021-42.2
खरीफ 2022-33.1
खरीफ 2023-34.2
खरीफ 24 (पहला अनुमान)-35
★ पिछले 10 वर्षों की बात करें तो खरीफ 2014 में रिकॉर्ड 48.7 लाख टन दिया गया था अनुमान।
★ पिछले 4 वर्षों से तुवर पर मौसम की पड़ी मार, मौसम ने दिया साथ।
★ कर्नाटक में नई तुवर की आवक शुरू।
★ विदेशों से बड़ी मात्रा में हो रहे आयात के कारण कीमतों पर दबाव परन्तु भाव अभी भी MSP से अधिक।
★ आई ग्रेन इंडिया को प्राप्त एक्सक्लूसिव जानकारी के अनुसार अक्टूबर में 2.37 लाख टन तुवर आयात संभावित।
★ चालू वित्त वर्ष में अप्रैल से अक्टूबर तक 8.33 लाख टन तुवर का हुआ आयात संभावित जो गत वर्ष की समानअवधि के दौरान 4.4 लाख टन था।
★ अफ्रीकन देशों से बड़ी मात्रा में हो रहा है तुवर का आयात। पिछले वित्त वर्ष में 7.11 लाख टन हुआ था जो इन 8 महीनों में बढ़कर 8.33 लाख टन यानी गत वर्ष से अधिक पहुंचा। बढ़ते आयात से कीमतों पर बना दबाव।
★ अफ्रीकन देशों से पुरानी व नई तुवर का बड़ी मात्रा में हो रहा है आयात।
★ OATA के अनुसार म्यांमार से जनवरी से अक्टूबर तक 2.78 लाख टन तुवर का निर्यात किया गया जिसका मुख्य खरीदार भारत ही है।
★ बड़ी मात्रा में निर्यात किये जाने के बाद म्यांमार में तुवर का स्टॉक घट रहा है।
★ तुवर बिजाई समाप्ति की और इस वर्ष भी रिकॉर्ड उत्पादन पहुँचने की उम्मीद।
★ जनवरी-फरवरी से नया माल आना शुरू हुआ।
★ भारत में दिसंबर के बाद आवक पीक पर होगी यानी भविष्य में तुवर उपलब्धता बनी रहने की प्रबल सम्भावना।
★ चेन्नई व मुंबई तुवर लेमन 11 नवम्बर को 9900 रुपए प्रति क्विंटल पर जो इस महीने 10100 रुपए के उच्चतम स्तर पर बिकी थी।