साप्ताहिक समीक्षा- चीनी
07-Feb-2026 07:37 PM
नए कोटे की प्रतिक्रिया एवं लग्नसरा की मांग से चीनी में सुधार
नई दिल्ली। देशभर की चीनी मिलों में गन्ना की जोरदार क्रशिंग अभी जारी है और चीनी के उत्पादन में अच्छी बढ़ोत्तरी के संकेत भी मिल रहे हैं। केन्द्रीय खाद्य मंत्रालय ने फरवरी माह के लिए 22.50 लाख टन चीनी का फ्री सेल कोटा जारी किया है जो सामान्य प्रतीत होता है। लग्नसरा का सीजन चल रहा है और तापमान भी बढ़ने लगा है। चीनी में औधोगिक मांग निकलने लगी है। होली की मांग भी जोर पकड़ने की संभावना है। देश में चीनी का पर्याप्त स्टॉक मौजूद है।
मिल डिलीवरी भाव
31 जनवरी से 6 फरवरी वाले सप्ताह के दौरान चीनी के मिल डिलीवरी मूल्य में यद्यपि पूर्वी उत्तर प्रदेश एवं बिहार में 10-10 रुपए तथा मध्य प्रदेश में 60 रुपए प्रति क्विंटल की गिरावट देखी गई लेकिन पश्चिमी उत्तर प्रदेश एवं गुजरात में 10-10 रुपए प्रति क्विंटल का सुधार आया। पंजाब में भाव स्थिर रहा। उल्लेखनीय है कि उपरोक्त राज्यों में चीनी का मिल डिलीवरी मूल्य महाराष्ट्र तथा कर्नाटक की तुलना में काफी ऊंचा रहता है।
हाजिर भाव
चीनी का हाजिर बाजार भाव समीक्षाधीन सप्ताह के दौरान दिल्ली में 4300/4475 रुपए प्रति क्विंटल के पिछले स्तर पर बरकरार रहा लेकिन इंदौर में 80 रुपए तक उछलकर 4100/4200 रुपए प्रति क्विंटल तथा रायपुर में 50 रुपए तक बढ़कर 4125/4200 रुपए प्रति क्विंटल पर पहुंच गया। कोलकाता में चीनी का दाम 4200/4350 रुपए प्रति क्विंटल पर स्थिर रहा।
मुंबई
मुम्बई (वाशी) मार्केट में बेहतर कारोबार के साथ चीनी का हाजिर मूल्य 50 रुपए की वृद्धि के साथ 3870/4070 रुपए प्रति क्विंटल पर पहुंचा और नाका पोर्ट दिलवियरी मूल्य भी 50 रुपए बढ़कर 3820/4000 रुपए प्रति क्विंटल पर पहुंचा और नाका पोर्ट डिलीवरी मूल्य भी 50 रुपए बढ़कर 3820/4000 रुपए प्रति क्विंटल और पहुंच गया। इससे स्पष्ट संकेत मिलता है कि चीनी में मांग सुधरने लगी है। इसका टेंडर मूल्य भी सप्ताह के दौरान महराष्ट्र में 20-30 रुपए तथा कर्नाटक में 25 रुपए प्रति क्विंटल तेज रहा। इससे चीनी मिलों को थोड़ी राहत मिली।
