साप्ताहिक समीक्षा- धनिया
01-Nov-2025 08:09 PM
बिजाई घटने की आशंका से धनिया तेज
नई दिल्ली। वर्तमान में धनिया की कीमतों में तेजी बनी हुई है। विगत एक सप्ताह के दौरान कीमतों में 200/300 रुपए प्रति क्विंटल की तेजी दर्ज की गई है। अभी भी बाजार में धारणा तेजी की बनी हुई है। सूत्रों का कहना है कि वर्तमान में उत्पादक केन्द्रों पर धनिया बिजाई का कार्य शुरू हो गया है। लेकिन चालू सीजन के दौरान कीमतों में अधिक तेजी न आने के कारण किसान इस वर्ष भी धनिया की बिजाई में कटौती करने की सोच रहा है। अनुमान व्यक्त किया जा रहा है कि इस वर्ष धनिया की बिजाई गत वर्ष की तुलना में 10/15 प्रतिशत कम रहने की संभावना है। उल्लेखनीय है कि गत वर्ष देश में धनिया की बिजाई का क्षेत्रफल 3.37 लाख हेक्टेयर का रहा था जबकि वर्ष 2024 के लिए बिजाई 3.64 लाख हेक्टेयर पर की गई थी।
चालू सप्ताह के दौरान उत्पादक केन्द्रों की मंडियों पर कमजोर आवक के चलते हाजिर एवं वायदा बाजार में धनिया के भाव तेजी के साथ बोले गए। वायदा बाजार में धनिया नवम्बर का भाव सप्ताह के शुरू में 8002 रूपए खुला था जोकि सप्ताह के अंत में 8266 रुपए पर बंद हुआ। दिसम्बर माह का धनिया 8114 रुपए खुलने के पश्चात 8352 रुपए पर बंद हुआ। वायदा के मजबूत समाचारों एवं कमजोर आवक के कारण प्रमुख उत्पादक राज्य गुजरात, राजस्थान एवं मध्य प्रदेश की मंडियों में भी धनिया के हाजिर भाव 200/300 रुपए प्रति क्विंटल तेजी के साथ बोले गए। आई ग्रेन इंडिया ने अपने पाठकों को 4 अक्टूबर के अंक में अवगत भी कराया था कि अक्टूबर-नवम्बर माह के दौरान धनिया के दामों में 5/8 रुपए प्रति किलो की तेजी आने की भविष्यवाणी की थी नवम्बर माह के दौरान भी धनिया की कीमतों में तेजी रहने की संभावना है।
आवक
प्रमुख उत्पादक राज्य गुजरात की गोंडल मंडी में धनिया की आवक घटकर 2500 बोरी एवं राजकोट में 500 बोरी की रह गई है जबकि राजस्थान की रामगंज मंडी में आवक 3000 बोरी के अलावा बारां एवं कोटा में आवक 500/600 बोरी की रह गई है। मध्य प्रदेश की गुना मंडी में आवक 2000/2500 बोरी एवं कुम्भराज 1000/1200 बोरी की चल रही है। सूत्रों का कहना है कि उत्पादकों का अधिकांश माल मंडियों में आ जाने के कारण आगामी दिनों में आवक ओर घट सकती है।
मन्दा तेजी
जानकारों का कहना है कि धनिया की वर्तमान कीमतों में हाल-फिलहाल मंदे की संभावना नहीं है क्योंकि उत्पादक केन्द्रों पर बिजाई घटने की आशंका के चलते व्यापारिक मनोवृत्ति बाजार में तेजी की चल रही है। साथ ही आगामी दिनों में मंडियों में आवक कम होने के साथ-साथ ग्राहकी बढ़ने की संभावना है। जिस कारण से अभी भी धनिया कीमतों में 3/5 रुपए प्रति किलो तेजी आने के व्यापारिक अनुमान लगाए जा रहे हैं। वर्तमान में उत्पादक केन्द्रों की मंडियों पर धनिया बादामी बादामी का भाव 69/72 रुपए एवं ईगल का भाव 72/75 रुपए बोला जा रहा है।
उपलब्धता
चालू सीजन के दौरान खपत की तुलना में धनिया की उपलब्धता कम रहने के समाचार है। सूत्रों का कहना है कि हमारी सालाना खपत एवं निर्यात को मिलाकर धनिया की खपत लगभग 36 करोड़ बोरी की रहती है लेकिन चालू सीजन के दौरान धनिया उत्पादन 1 करोड़ बोरी के अलावा बकाया स्टॉक 35/40 लाख बोरी रहने के कारण कुल उपलब्धता 1.35/1.40 करोड़ की रहती है। जिस कारण से आगामी वर्ष आने वाली नई फसल के समय धनिया का स्टॉक काफी कम रह जाएगा। व्यापारिक सूत्रों का मानना है कि वर्तमान में उत्पादक केन्द्रों पर धनिया का स्टॉक 40/45 लाख बोरी होने की संभावना है।
निर्यात
चालू सीजन के दौरान धनिया का निर्यात गत वर्ष की तुलना में मामूली अधिक रहा है। प्राप्त जानकारी के अनुसार अप्रैल-जुलाई- 2025 में धनिया का निर्यात 23447 टन का रहा जबकि गत वर्ष इसी समयावधि में निर्यात 21075 टन का रहा था। अगस्त माह के दौरान भी निर्यात में सुधार रहा। अगस्त 2025 में धनिया का निर्यात 4466 टन का रहा जबकि अगस्त 2024 में निर्यात 4120 टन का रहा था। वर्ष 2024-25 (अप्रैल-मार्च) के दौरान धनिया का कुल निर्यात 60324 टन का रहा था वर्ष 2023-24 में धनिया का रिकॉर्ड निर्यात 108624 टन का हुआ था।
