सीसीआई ने कपड़ा मंत्री को दिया 8.89 करोड़ रुपए का लाभांश
22-Jan-2026 03:40 PM
नई दिल्ली। भारतीय कपास निगम (सीसीआई) ने पिछले दिन केन्द्रीय कपड़ा मंत्री को 8.89 करोड़ रुपए के लाभांश (दिवीडेंड) का चेक प्रदान किया जो उसके रूई कारोबार से उपार्जित राशि का भाग था। उल्लेखनीय है कि सीसीआई केन्द्रीय कपड़ा मंत्रालय के अधीनस्थ एजेंसी है जो किसानों से न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर कपास की खरीद करती है और फिर टेक्सटाइल मिलर्स तथा व्यापारियों को इसे बेच देती है।
कभी-कभी सरकारी स्तर पर रूई का निर्यात भी किया जाता है। इससे निगम को अच्छी आमदनी प्राप्त हो जाती है और वह अपने लाभ का एक भाग कपड़ा मंत्रालय को हस्तांतरित कर देता है।
कपड़ा मंत्रालय द्वारा जारी एक बयान में सूचना दी गई है कि वित्त वर्ष 2024-25 के दौरान निगम का कुल कारोबार बढ़कर 20,000 करोड़ रुपए से ऊपर पहुंच गया जो अब तक के सर्वाधिक कारोबार में से एक है।
बयान के अनुसार सीसीआई प्रमाणित कपास की खेती देश में होती है उसके लिए करीब 97 प्रतिशत भाग में इसका योगदान रहता है।
2024-25 के मार्केटिंग सीजन में निगम द्वारा भारतीय किसानों से न्यूनतम समर्थन मूल्य पर लगभग 100 लाख गांठ (170 किलो की प्रत्येक गांठ) कपास की खरीद की गई और फिर आपूर्ति के ऑफ सीजन में टैक्सटाइल उद्योग एवं व्यापार क्षेत्र को यह स्टॉक उपलब्ध करवाया गया।
2025-26 के वर्तमान मार्केटिंग सीजन में भी निगम द्वारा 80 लाख गांठ से अधिक रूई की खरीद की जा चुकी है और खरीद की प्रक्रिया अभी जारी है।
इतना ही नहीं बल्कि निगम ने अब खरीदे गए स्टॉक की बिक्री भी आरंभ कर दी है। 19 जनवरी 2026 से इसकी बिक्री शुरू हुई और पहले दिन ही निगम को 1.14 लाख गांठ रूई बेचने में सफलता मिल गई। निगम की रूई का मूल्य बाजार में प्रचलित भाव से कुछ ऊंचा रहता है।
