अमेठी जिले से गेहूं को बाहर भेजने पर रोक
22-Mar-2025 12:34 PM
अमेठी। देश के सबसे प्रमुख गेहूं उत्पादक राज्य- उत्तर प्रदेश में रबी सीजन के इस सर्वाधिक महत्वपूर्ण खाद्यान्न की खरीद के लिए औपचारिक प्रक्रिया आरंभ हो चुकी है।
राज्य सरकार इस बार अधिक से अधिक मात्रा में केन्द्रीय पूल के लिए गेहूं की खरीद सुनिश्चित करना चाहती है और इसके लिए हर संभव कदम उठा रही है।
इसी संघर्ष में अमेठी के जिलाधिकारी ने वर्तमान मार्केटिंग सीजन के दौरान जिले में खरीदे जाने वाले गेहूं को जिले से बाहर भेजने पर अगले आदेश तक के लिए रोक लगा दी है।
उत्तर रेलवे के मुख्य माल अधीक्षक, गौरीगंज जनपद अमेठी, गौरीगंज के स्टेशन अधीक्षक तथा जायस, जाफरगंज एवं सुल्तानपुर कृषि उत्पादन मंडी समिति के सचिव को भेजे एक पत्र में अमेठी के जिलाधिकारी ने कहा है कि उन क्षेत्रों में गेहूं की खरीद के लिए क्रय केन्द्र खोले जाएं जहां प्राइवेट व्यापारी, स्टॉकिस्ट एवं फ्लोर मिलर्स सक्रिय नहीं हैं।
साथ ही साथ यह भी सुनिश्चित किया जाए कि इन वर्गों द्वारा खरीदे गए गेहूं का स्टॉक रेल तथा सड़क मार्ग से अन्य राज्यों में अवैध रूप से न भेजा जा सके क्योंकि जिला प्रशासन द्वारा इसे रोक लगा दी गई है।
पत्र में 15 जनवरी 2025 को केन्द्रीय खाद्य मंत्री की अध्यक्षता में वीडियों कांफ्रेंसिंग (वीसी) के जरिए हुई एक बैठक में दिए गए निर्देश का जिक्र करते हुए कहा गया है कि उत्तर प्रदेश के खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के अपर आयुक्त ने 28 फरवरी 2025 को एक दिशा निर्देश जारी किया था।
दरअसल 24 फरवरी को केन्द्रीय खाद्य मंत्रालय का एक पत्र रसद विभाग को प्राप्त हुआ था जिसमें 2025 -26 के रबी मार्केटिंग सीजन में मूल्य समर्थन योजना के अंतर्गत गेहूं की खरीद के लिए उपरोक्त निर्देश दिए गए थे।
पत्र में कहा गया है कि केन्द्र सरकार, उत्तर प्रदेश शासन तथा खाद्य एवं रसद विभाग के अपर आयुक्त के दिशा निर्देश के तहत सम्बन्धित अधिकारियों को निर्देश दिया जाता है की अमेठी जनपद में उत्पादित गेहूं के स्टॉक की अमेठी के जिलाधिकारी की पूर्व अनुमति के बगैर रेलवे रैकों अथवा सड़क परिवहन के माध्यम से अन्य जिला तथा राज्य में भेजने पर रोक लगाएं।
