मोटे अनाजों के उत्पादन में उम्मीद के अनुरूप वृद्धि होने का अनुमान

09-Nov-2024 10:59 AM

नई दिल्ली। केंद्रीय कृषि मंत्रालय ने इस वर्ष खरीफ कालीन मोटे अनाजों के उत्पादन का जो आरंभिक अनुमान जारी किया है वह काफी हद तक व्यावहारिक प्रतीत होता है क्योंकि इसमें बिजाई क्षेत्र के साथ-साथ मौसमी असर का भी ध्यान रखा गया है। केंद्रीय कृषि मंत्रालय के अनुसार 2023-24 के खरीफ सीजन में 355.35 लाख टन मोटे अनाजों का उत्पादन हुआ था जो 2024-25 के वर्तमान खरीफ सीजन में 22.83 लाख टन की वृद्धि के साथ 378.18 लाख टन पहुंचने की उम्मीद है। इसके तहत मक्का का उत्पादन तो 222.45 लाख टन से 22.96 लाख टन उछलकर 245.41 लाख टन पर पहुंचने का अनुमान है लेकिन श्री अन्न का उत्पादन 132.90 लाख टन से 13 हजार टन घटकर 132.77 लाख टन रह जाने की सम्भावना है। श्री अन्न के संवर्ग में ज्वार, बाजरा, रागी तथा स्माल मिलेट्स शामिल है।

पिछले साल की तुलना में चालू खरीफ मार्केटिंग सीजन के दौरान ज्वार का उत्पादन 15.09 लाख टन से बढ़कर 21.96 लाख टन पर पहुंचने का अनुमान है मगर दूसरी ओर बाजरा का उत्पादन 96.63 लाख टन से घटकर 93.75 लाख टन, रागी का उत्पादन 16.70 लाख टन से गिरकर 13.90 लाख टन तथा स्माल मिलेट्स का उत्पादन 4.49 लाख टन से फिसलकर 3.15 लाख टन पर अटक जाने की सम्भावना है।

गत वर्ष की तुलना में इस बार खरीफ सीजन के दौरान मक्का एवं ज्वार के बिजाई क्षेत्र में अच्छी बढ़ोत्तरी हुई और रागी के क्षेत्रफल में काफी हद तक स्थिरता रही मगर बाजरा का रकबा घट गया। कुछ इलाकों में भारी वर्षा एवं बाढ़ से भी फसल को नुकसान हुआ। नई फसल की कटाई-तैयारी आरंभ हो चुकी है।